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  • REET मेन्स 2025 (तृतीय श्रेणी शिक्षक भर्ती) के लिए विशेष सूचना जारी

    ​राजस्थान में शिक्षक भर्ती की तैयारी कर रहे लाखों उम्मीदवारों के लिए दो महत्वपूर्ण अपडेट हैं: REET मेन्स 2025 (तृतीय श्रेणी शिक्षक भर्ती) के लिए आवेदन प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, जबकि REET 2025 पात्रता परीक्षा का परिणाम जारी कर दिया गया है। यहां इन दोनों परीक्षाओं से जुड़ी सभी आवश्यक और नवीनतम जानकारी दी गई है।

    ​भाग 1: REET मेन्स 2025 (तृतीय श्रेणी शिक्षक भर्ती)

    ​राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड (RSSB) द्वारा आयोजित की जा रही तृतीय श्रेणी शिक्षक भर्ती (REET Mains 2025) के लिए आवेदन प्रक्रिया समाप्त हो चुकी है।

    मुख्य तिथियाँ और पद विवरण

    विवरणस्थिति/तिथि
    आवेदन प्रारंभ तिथि7 नवंबर 2025
    आवेदन की अंतिम तिथि6 दिसंबर 2025
    कुल पद7759
    प्राप्त आवेदन7 लाख से अधिक
    मुख्य परीक्षा की तिथि17 से 21 जनवरी 2026
    अपेक्षित परिणाम तिथि10 जुलाई 2026

    पदों का वर्गीकरण

    ​भर्ती को लेवल-1 (कक्षा 1 से 5) और लेवल-2 (कक्षा 6 से 8) में विभाजित किया गया है।

    स्तर (लेवल)विभाग/विषयपदों की संख्याकुल पद (स्तर-वार)
    लेवल-1 (प्राथमिक शिक्षक)प्रारंभिक शिक्षा विभाग50005636
    संस्कृत शिक्षा विभाग636
    लेवल-2 (उच्च प्राथमिक शिक्षक)गणित-विज्ञान10432123
    संस्कृत389
    अंग्रेजी (इंग्लिश)221
    सामाजिक अध्ययन (SST)296
    हिंदी174

    शैक्षणिक योग्यता और शुल्क

    • REET लेवल-1 (कक्षा 1-5): उम्मीदवार को 12वीं पास, डी.एल.एड./डी.एड. और REET पास होना चाहिए।
    • REET लेवल-2 (कक्षा 6-8): उम्मीदवार के पास ग्रेजुएशन की डिग्री, बी.एड. और REET पास होना चाहिए।
    • आयु सीमा: न्यूनतम 18 वर्ष और अधिकतम 40 वर्ष (आयु की गणना 1 जनवरी 2026 के आधार पर की जाएगी)। आरक्षित वर्ग के उम्मीदवारों को ऊपरी आयु सीमा में छूट मिलेगी।
    • आवेदन शुल्क:
      • ​सामान्य, ओबीसी (क्रीमी लेयर), ईडब्ल्यूएस: ₹600
      • ​एससी, एसटी, पीडब्ल्यूडी: ₹400

    चयन प्रक्रिया और परीक्षा पैटर्न

    • चयन प्रक्रिया: लिखित परीक्षा, दस्तावेज़ सत्यापन (डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन), और मेडिकल एग्जाम।
    • सैलरी (वेतन): लेवल 10 के अनुसार।
    • परीक्षा पैटर्न (लेवल-1): परीक्षा 300 अंकों की होगी। प्रश्न पत्र में 150 बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQ) होंगे, जिसकी अवधि ढाई घंटे होगी। गलत उत्तर के लिए एक तिहाई अंक की नेगेटिव मार्किंग होगी।
    • परीक्षा पैटर्न (लेवल-2): परीक्षा 300 अंकों की होगी। प्रश्न पत्र में 150 बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQ) होंगे, जिसकी अवधि 2 घंटे होगी। गलत उत्तर के लिए एक तिहाई अंक की नेगेटिव मार्किंग होगी।

    ​भाग 2: REET 2025 पात्रता परीक्षा (Eligibility Exam) अपडेट

    ​राजस्थान शिक्षक पात्रता परीक्षा (REET) 2025, जो मुख्य परीक्षा के लिए योग्यता निर्धारित करती है, पूरी हो चुकी है और इसके परिणाम जारी किए जा चुके हैं।

    परीक्षा और परिणाम की स्थिति

    • परीक्षा की तिथि: 27 और 28 फरवरी 2025।
    • प्रोविजनल आंसर की: 25 मार्च 2025 को जारी की गई थी।
    • परिणाम घोषणा: REET 2025 का परिणाम 8 मई 2025 को घोषित कर दिया गया था।
    • उत्तीर्ण प्रतिशत:
      • ​लेवल-1 में 62.33% परीक्षार्थियों ने परीक्षा उत्तीर्ण की।
      • ​लेवल-2 में 44.69% परीक्षार्थियों ने परीक्षा उत्तीर्ण की।
      • ​दोनों लेवल में कुल 50.77% परीक्षार्थी उत्तीर्ण हुए।
    • पंजीकृत उम्मीदवार: दोनों लेवल में कुल 16,96,516 उम्मीदवारों ने रजिस्ट्रेशन करवाया था।

    न्यूनतम अर्हता अंक (Minimum Passing Marks)

    ​REET 2025 परीक्षा में उत्तीर्ण होने के लिए उम्मीदवारों को निम्नलिखित न्यूनतम अंक प्राप्त करना अनिवार्य है:

    वर्ग (कैटेगरी)नॉन-टीएसपी (Non-TSP) एरिया में आवश्यक अंकटीएसपी (TSP) एरिया में आवश्यक अंक
    सामान्य60 अंक60 अंक
    एससी-एसटी, ओबीसी, एमबीसी, EWS55 अंक55 अंक
    विधवा, परित्यक्ता, एक्स सर्विसमैन50 अंक36 अंक (केवल एसटी और विधवा/तलाकशुदा)
    निःशक्तजन40 अंक
    सहारिया जनजाति36 अंक

    REET पात्रता प्रमाण पत्र की वैधता

    ​वर्ष 2022 से REET का प्रमाण पत्र आजीवन (Life-time) मान्य रहेगा।

    आगामी कदम: जिन उम्मीदवारों ने REET मेन्स 2025 के लिए आवेदन कर दिया है, उन्हें अब 17 से 21 जनवरी 2026 को होने वाली मुख्य परीक्षा की तैयारी पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए। REET पात्रता परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले अभ्यर्थी मुख्य परीक्षा में सफलता प्राप्त करने पर ही शिक्षक भर्ती के लिए अंतिम रूप से चयनित होंगे।

    आवश्यक सूचना: उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि वे सभी आधिकारिक और नवीनतम जानकारी के लिए राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड (RSSB) और राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) की आधिकारिक वेबसाइटों पर नियमित रूप से विजिट करते रहें।

    official website – rssb.rajasthan.gov.in

  • ​🎯 CLAT 2026 परीक्षा: पैटर्न, अंतिम दिनों की तैयारी टिप्स और एग्जाम सेंटर गाइड

    ​🎯 CLAT 2026 परीक्षा: पैटर्न, अंतिम दिनों की तैयारी टिप्स और एग्जाम सेंटर गाइड

    ​कॉमन लॉ एडमिशन टेस्ट (CLAT) 2026 का आयोजन 7 दिसंबर को दोपहर 2 बजे से शाम 4 बजे तक किया गया। यह परीक्षा देश के 139 परीक्षा केंद्रों पर पेन-एंड-पेपर मोड में हुई। CLAT के माध्यम से 25 नेशनल लॉ यूनिवर्सिटीज में UG और PG कोर्सेज के लिए प्रवेश दिया जाता है।

    ​CLAT 2026 एग्जाम पैटर्न और मार्किंग स्कीम

    CLAT 2026 की तैयारी कर रहे या परीक्षा दे चुके उम्मीदवारों के लिए पैटर्न की स्पष्ट जानकारी होना आवश्यक है।

    • कुल अंक: परीक्षा कुल 120 अंकों की थी।
    • परीक्षा अवधि: कुल समय 2 घंटे निर्धारित था।
    • मुख्य सेक्शन: परीक्षा में पाँच मुख्य सेक्शन शामिल हैं:
      1. ​करेंट अफेयर्स एवं जी.के.
      2. ​इंग्लिश लैंग्वेज
      3. ​लॉजिकल रीजनिंग
      4. ​क्वांटिटेटिव टेक्नीक्स
      5. ​लीगल रीजनिंग
    • मार्किंग स्कीम: प्रत्येक सही उत्तर पर 1 अंक मिलेगा। गलत उत्तर पर 0.25 अंक काटे जाएंगे (नेगेटिव मार्किंग)।

    ​एडमिट कार्ड डाउनलोड करने की प्रक्रिया

    ​CLAT 2026 परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड 22 नवंबर को जारी किया गया था।

    • वेबसाइट: अभ्यर्थी आधिकारिक वेबसाइट consortiumofnlus.ac.in से इसे डाउनलोड कर सकते हैं।
    • लॉगिन: एडमिट कार्ड डाउनलोड करने के लिए अभ्यर्थी वेबसाइट पर जाकर अपने मोबाइल नंबर और पासवर्ड से लॉगिन करें।
    • जांच: लॉगिन के बाद एडमिट कार्ड स्क्रीन पर दिखाई देगा, जिसे डाउनलोड कर सुरक्षित रख लें और सभी विवरणों की अच्छी तरह जांच कर लें।

    ​अंतिम दिनों की तैयारी रणनीति: 30-सेकेंड रूल और कूल-डाउन पीरियड

    ​परीक्षा से पहले तनाव से बचने और बेहतर प्रदर्शन के लिए विशेषज्ञों ने कुछ महत्वपूर्ण टिप्स दिए थे, जो इस प्रकार हैं:

    ​टाइम मैनेजमेंट के लिए 30-सेकेंड रूल

    ​परीक्षा के दौरान 30-सेकेंड रूल अपनाना लाभदायक माना जाता है। यदि कोई प्रश्न 30 सेकेंड में समझ न आए, तो उसे छोड़कर आगे बढ़ जाएं और पहले आसान प्रश्नों को हल करें।

    ​कूल-डाउन पीरियड महत्वपूर्ण

    • ​परीक्षा से 2–3 दिन पहले का समय शांत और रिलैक्स रहने का होना चाहिए।
    • ​इस अवधि में पुरानी गलतियों और उनके समाधान की समीक्षा करना ज्यादा उपयोगी माना जाता है।
    • ​नया कंटेंट पढ़ने से बचें और केवल महत्वपूर्ण टॉपिक्स की रिवीजन पर ध्यान दें।
    • ​मानसिक रूप से स्थिर रहने से परीक्षा के दौरान आत्मविश्वास बना रहता है।

    ​ परीक्षा के दिन की चेकलिस्ट: क्या लेकर जाएं और सेंटर गाइड

    ​परीक्षा के दिन किसी भी प्रकार की परेशानी से बचने के लिए, इन निर्देशों का पालन करें:

    ​एग्जाम सेंटर एक दिन पहले ज़रूर देखें

    • ​अभ्यर्थियों को सलाह दी जाती है कि परीक्षा से एक दिन पहले अपने सेंटर का दौरा कर लें।
    • ​इससे समय, रूट और ट्रैफिक का अंदाजा लगाया जा सकता है।
    • ​परीक्षा वाले दिन समय से पहले पहुँचने से बायोमेट्रिक और अन्य प्रक्रिया आसानी से पूरी हो जाती है।

    ​साथ में क्या लेकर जाएं

    • ​परीक्षा में जाते समय एडमिट कार्ड का प्रिंटआउट साथ रखें।
    • ​एक मान्य फोटो आईडी और चार पासपोर्ट साइज फोटो रखना अनिवार्य है।
    • ​एडमिट कार्ड की सॉफ्ट कॉपी भी साथ रखें।
    • ​यदि पानी की बोतल ले जाएं तो वह ट्रांसपेरेंट (पारदर्शी) होनी चाहिए।
    • ​किसी प्रकार का अतिरिक्त कागज ले जाना प्रतिबंधित है।

  • 🔥 Samsung Galaxy Z TriFold धमाकेदार लॉन्च: दुनिया का पहला 3 बार मुड़ने वाला स्मार्टफोन! 10-इंच AMOLED डिस्प्ले, 200MP कैमरा, Ultra-Premium डिजाइन और ₹2.5 लाख की कीमत जानकर दिमाग घूम जाएगा!

    🔥 Samsung Galaxy Z TriFold धमाकेदार लॉन्च: दुनिया का पहला 3 बार मुड़ने वाला स्मार्टफोन! 10-इंच AMOLED डिस्प्ले, 200MP कैमरा, Ultra-Premium डिजाइन और ₹2.5 लाख की कीमत जानकर दिमाग घूम जाएगा!

    सैमसंग ने आखिरकार वो कर दिखाया जिसका इंतज़ार टेक दुनिया कई सालों से कर रही थी। कंपनी ने अपना पहला TriFold स्मार्टफोन — Samsung Galaxy Z TriFold लॉन्च करके फोल्डेबल मार्केट में नई क्रांति ला दी है। यह फोन सिर्फ एक बार नहीं, बल्कि दो अलग-अलग जगहों से फोल्ड होता है, जिससे यह एक छोटे से कॉम्पैक्ट स्मार्टफोन से एक विशाल 10-इंच AMOLED टैबलेट में बदल जाता है। Samsung का दावा है कि यह फोन आने वाले कई सालों की मोबाइल तकनीक की दिशा बदल देगा। इसकी इंजीनियरिंग, हिंग तकनीक, डिस्प्ले टेक्नोलॉजी, और प्रोफेशनल-ग्रेड फीचर्स इसे अब तक के सभी फोल्डेबल स्मार्टफोन्स से काफी आगे खड़ा करते हैं।

    🌍 कब और कहां मिलेगा Galaxy Z TriFold? लॉन्च टाइमलाइन हुई कन्फर्म

    Samsung ने घोषणा की है कि Galaxy Z TriFold सबसे पहले दक्षिण कोरिया में 12 दिसंबर 2025 से बिक्री के लिए उपलब्ध होगा। इसके बाद इसे धीरे-धीरे चुनिंदा इंटरनेशनल मार्केट्स में लॉन्च किया जाएगा, जिनमें चीन, ताइवान, सिंगापुर, UAE और अमेरिका जैसे बड़े बाज़ार शामिल हैं। अमेरिका में इसकी उपलब्धता के लिए कंपनी ने 2026 की शुरुआत का समय बताया है, जिससे साफ है कि Samsung इस फोन को सीमित स्टॉक में प्रीमियम ग्राहकों के लिए पेश कर रही है।

    भारत को पहले फेज़ में जगह नहीं मिली है, लेकिन इंडस्ट्री रिपोर्ट्स का मानना है कि यह फोन भारत में भी 2026 के शुरुआती महीनों में लॉन्च हो सकता है। इसकी हाई कीमत, एडवांस्ड डिजाइन और लिमिटेड प्रोडक्शन के कारण कंपनी ग्लोबल लॉन्च को चरणबद्ध तरीके से लागू कर रही है।

    💸 कीमत इतनी प्रीमियम कि सुनकर भी यकीन नहीं होगा!

    Samsung ने कोरिया में इसके 16GB RAM + 512GB स्टोरेज वेरिएंट की आधिकारिक कीमत KRW 3,594,000 रखी है, जो अंतरराष्ट्रीय कीमत के अनुसार करीब $2,445 (₹2.31 लाख) बैठती है। यह कीमत कई देशों में iPhone के टॉप मॉडल से भी ज्यादा है, जिससे इसका प्रीमियम स्टेटस साफ समझ में आता है।

    GSMArena की अनुमानित कीमतें बताती हैं कि अलग-अलग देशों में इसकी कीमत इस प्रकार हो सकती है:

    • USA: ~$2,990
    • UK: £2,680
    • EU: €3,130
    • India: ₹2,40,000 – ₹2,50,000

    फोन स्पष्ट रूप से एक ऐसी कैटेगरी में पेश किया गया है जहां कीमत से ज्यादा, तकनीक और अनुभव मायने रखते हैं।


    📱 Design & Display: यह कोई फोन नहीं, इंजीनियरिंग की कलाकारी है!

    Samsung Galaxy Z TriFold का डिजाइन इतना एडवांस्ड और यूनिक है कि पहली नज़र में ही समझ आ जाता है कि यह फोन स्मार्टफोन टेक्नोलॉजी को एक नई दिशा दे रहा है। इसमें इस्तेमाल हुआ डुअल-हिंज मैकेनिज़्म, दो अलग-अलग रेंज वाली पटरियों से बना है, जो फोल्डिंग को बेहद स्मूथ, स्थिर और टिकाऊ बनाता है।

    जब फोन पूरी तरह खुलता है, तो यह एक विशाल 10.0-inch QXGA+ Dynamic AMOLED 2X स्क्रीन में बदल जाता है, जो मल्टीटास्किंग, गेमिंग, वीडियो एडिटिंग, डॉक्यूमेंट वर्क और एंटरटेनमेंट के लिए किसी टैबलेट से कम नहीं। इसकी 120Hz की स्मूद रिफ्रेश रेट और 1600 निट्स की ब्राइटनेस इसे प्रीमियम डिवाइसेज़ की रेस में सबसे आगे खड़ा करती है।

    बाहर की तरफ दिया गया 6.5-inch FHD+ Dynamic AMOLED कवर डिस्प्ले 2600 निट्स की सालिड ब्राइटनेस के साथ आता है, जो तेज धूप में भी बेहद साफ दिखाई देता है।

    फोन का बिल्ड क्वालिटी भी कमाल का है। इसमें Gorilla Glass Ceramic 2, Titanium हिंग, और Advanced Armor Aluminum फ्रेम का इस्तेमाल हुआ है, जो इसे अलग ही स्तर की स्थिरता और सुरक्षा देते हैं।

    ⚙️ Performance इतनी तेज कि लैपटॉप भी शर्मा जाए!

    Galaxy Z TriFold में लगा Snapdragon 8 Elite for Galaxy प्रोसेसर इसे सुपर-फास्ट परफॉर्मेंस देता है। यह प्रोसेसर ग्राफिक्स, मल्टीटास्किंग, हाई-एंड गेमिंग, मैसिव ऐप्स और प्रोफेशनल वर्क को बेहद स्मूद बनाता है। फोन में 16GB RAM और 512GB/1TB स्टोरेज के विकल्प दिए गए हैं, जिससे स्पीड और स्टोरेज दोनों की कमी महसूस नहीं होती।

    सॉफ्टवेयर की बात करें तो यह Android 16 आधारित OneUI 8 पर चलता है जो Samsung की अपग्रेडेड AI क्षमताओं के साथ आता है। TriFold में दिया गया स्टैंडअलोन Samsung DeX मोड इसे एक मिनी-लैपटॉप की तरह काम करने की क्षमता देता है—वो भी बिना किसी मॉनिटर के।

    🔋 बैटरी: बड़ी स्क्रीन, बड़ा पावर — और बड़ी लाइफ!

    सैमसंग ने इस फोन में अपनी फोल्डेबल लाइनअप की सबसे बड़ी बैटरी 5600mAh दी है। यह तीन अलग-अलग सेल्स में बंटी है ताकि फोन का बैलेंस भी बना रहे और बैटरी बैकअप भी लंबे समय तक टिक सके। फोन 45W फास्ट चार्जर से 30 मिनट में 50% तक चार्ज हो सकता है।

    इसमें 15W वायरलेस चार्जिंग और Wireless PowerShare की सुविधा भी दी गई है, ताकि आप ईयरबड्स या स्मार्टवॉच को पीछे रखकर चार्ज कर सकें।

    📸 Camera: 200MP का कैमरा—एकदम DSLR लेवल फोटोग्राफी!

    Galaxy Z TriFold में ट्रिपल रियर कैमरा सेटअप दिया गया है जिसमें

    • 200MP प्राइमरी कैमरा
    • 12MP अल्ट्रा-वाइड लेंस
    • 10MP टेलिफोटो कैमरा शामिल है।

    सेल्फी लवर्स के लिए इसमें दो 10MP फ्रंट कैमरे मौजूद हैं—एक कवर डिस्प्ले पर और दूसरा मेन स्क्रीन के अंदर।

    Samsung ने फोन को कई लेयर के कैमरा क्वालिटी टेस्ट, शार्पनेस चेक और ड्यूरेबिलिटी स्कैन से पास कराया है, जिससे स्पष्ट है कि कंपनी इस फोन को एक अल्ट्रा-प्रो-कैमरा डिवाइस बनाना चाहती है।

    🛡️ Durability टेस्ट: इस फोन ने झेला 200,000 फोल्ड का कड़ा एग्ज़ाम!

    Samsung के अनुसार Galaxy Z TriFold को 200,000 बार फोल्ड करने के टेस्ट में सफल साबित किया गया है, यानी यह फोन रोज़ 100 बार फोल्ड करने पर भी लगभग 5 साल तक बिना परेशानी चलेगा।

    इसके अलावा कंपनी ने हाई-स्पीड CT स्कैन, 3D लेजर स्कैनिंग, वॉटर जेट टेस्ट, हीट-नेटवर्क स्ट्रेस टेस्ट जैसे दर्जनों चेक इस फोन पर किए हैं, जिससे यह साबित होता है कि TriFold सिर्फ दिखने में ही नहीं—मजबूती में भी टॉप क्लास है।

    🎁 लॉन्च ऑफर: शुरुआत में ही बड़ा फायदा

    Galaxy Z TriFold खरीदने पर उपभोक्ताओं को मिलेंगे कई प्रीमियम फायदे—

    • 6 महीने का Google AI Pro सब्सक्रिप्शन
    • Veo 3 AI वीडियो क्रिएशन टूल्स
    • 2TB क्लाउड स्टोरेज
    • एक बार के लिए 50% डिस्प्ले रिपेयर डिस्काउंट

    🔥 निष्कर्ष: Samsung Galaxy Z TriFold एक फोन नहीं, आने वाले समय की झलक है

    Samsung Galaxy Z TriFold सिर्फ एक नया स्मार्टफोन नहीं बल्कि आने वाले कई सालों की मोबाइल टेक्नोलॉजी का ट्रेलर है। ये सिर्फ फोल्ड नहीं होता—ये रूप बदलता है
    कभी फोन, कभी टैबलेट, कभी मिनी लैपटॉप!

    इसकी कीमत भले ही बहुत प्रीमियम हो, लेकिन इसके फीचर्स, 10-इंच डिस्प्ले, 200MP कैमरा और ट्रिपल-फोल्ड डिज़ाइन इसे दुनिया के सबसे अनोखे और एडवांस्ड स्मार्टफोन्स में से एक बना देते हैं।

  • Sanchar Saathi App: क्या आपके मोबाइल को भारत सरकार कंट्रोल करेगी? ‘संचार साथी’ जिस पर मचा है घमासान? सरकार का आदेश, विपक्ष का ‘जासूसी’ का आरोप और प्राइवेसी पर सवाल

    Sanchar Saathi App: क्या आपके मोबाइल को भारत सरकार कंट्रोल करेगी? ‘संचार साथी’ जिस पर मचा है घमासान? सरकार का आदेश, विपक्ष का ‘जासूसी’ का आरोप और प्राइवेसी पर सवाल

    Sanchar Saathi App Controversy: भारत सरकार के दूरसंचार विभाग (DoT) द्वारा मोबाइल फोनों में ‘संचार साथी’ ऐप को अनिवार्य रूप से प्री-इंस्टॉल करने के निर्देश के बाद से देश में एक नई डिजिटल बहस छिड़ गई है। जहां सरकार इसे साइबर सुरक्षा और फोन चोरी रोकने के लिए एक क्रांतिकारी कदम बता रही है, वहीं विपक्ष ने इसे ‘जासूसी का हथियार’ और ‘पेगासस प्लस प्लस’ करार दिया है। आइए जानते हैं क्या है पूरा मामला और यह ऐप आपके लिए कैसे काम करेगा।

    बताया जा रहा है कि इस ऐप्लिकेशन को मोबाइल से डिलीट करने वाले यूजर्स को संदिग्ध मना जा सकता है।

    मुख्य बातें (Key Highlights):

    • सरकार का आदेश: सभी नए स्मार्टफोन्स में ‘संचार साथी’ ऐप प्री-इंस्टॉल होना अनिवार्य।
    • डेडलाइन: मोबाइल कंपनियों को आदेश लागू करने के लिए 90 दिन का समय दिया गया है।
    • विपक्ष का हमला: कांग्रेस ने इसे निजता के अधिकार (Privacy) पर हमला और ‘Big Brother’ सर्विलांस बताया।
    • सरकार की सफाई: मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया का बयान— “ऐप जासूसी के लिए नहीं, सुरक्षा के लिए है; यूजर चाहे तो डिलीट कर सकते हैं।”
    • ऐप का काम: चोरी हुए फोन को ब्लॉक करना, फर्जी सिम की पहचान और साइबर फ्रॉड रिपोर्ट करना।

    क्या है सरकार का नया आदेश?

    ​भारत सरकार के दूरसंचार विभाग (DoT) ने 28 नवंबर 2025 को एक अहम गाइडलाइन जारी की। इसके तहत भारत में निर्माण (Manufacture) या आयात (Import) किए जाने वाले सभी मोबाइल हैंडसेट में ‘संचार साथी’ (Sanchar Saathi App) मोबाइल ऐप का प्री-इंस्टॉल होना अनिवार्य कर दिया गया है।

    • नियम: नया फोन सेटअप करते समय यह ऐप स्क्रीन पर स्पष्ट रूप से दिखाई देना चाहिए।
    • पुराने फोन: जो डिवाइस पहले से बाजार में हैं या लोगों के पास हैं, उनमें सॉफ्टवेयर अपडेट के जरिए इसे पहुंचाया जाएगा।
    • मकसद: सरकार का तर्क है कि यह कदम साइबर ठगी रोकने, चोरी हुए फोन को ट्रैक करने और फर्जी IMEI नंबरों पर नकेल कसने के लिए जरूरी है।

    विपक्ष क्यों बता रहा इसे ‘जासूसी ऐप’? (Political Controversy)

    ​इस आदेश के आते ही राजनीतिक गलियारों में हंगामा मच गया है। विपक्षी दलों ने इसे नागरिकों की निजता (Privacy) का उल्लंघन बताया है।

    1. कांग्रेस का आरोप: कांग्रेस महासचिव के.सी. वेणुगोपाल ने इसे “असंवैधानिक” करार दिया। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा, “बिग ब्रदर हम पर नजर नहीं रख सकता। यह निजता के अधिकार (Article 21) का उल्लंघन है। एक ऐसा सरकारी ऐप जिसे हटाया नहीं जा सके, वह हर भारतीय की गतिविधियों पर नजर रखने का टूल है”
    2. पेगासस से तुलना: कांग्रेस सांसद कार्ति चिदंबरम ने इसे “पेगासस प्लस प्लस” (Pegasus++) कहा है। उनका कहना है कि सरकार इसके जरिए लोगों की निजी जिंदगी में ताक-झांक करना चाहती है।
    3. प्रियंका गांधी का बयान: कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाद्रा ने इसे “स्नूपिंग ऐप” (जासूसी ऐप) बताते हुए कहा कि फ्रॉड रोकने और हर नागरिक के फोन में झांकने के बीच एक बहुत पतली लकीर है, जिसे सरकार पार कर रही है।

    सरकार की सफाई: क्या ऐप डिलीट किया जा सकता है?

    ​विपक्ष के आरोपों और ‘नॉन-रिमूवेबल’ (Non-removable) ऐप की खबरों के बीच केंद्रीय दूरसंचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने बड़ी सफाई दी है।

    ​सिंधिया ने स्पष्ट किया, “इसके आधार पर न कोई जासूसी है, न कोई कॉल मॉनिटरिंग। अगर आप इसे अपने फोन में रखना चाहते हैं, तो रखो। अगर आप इसको डिलीट करना चाहते हो, तो डिलीट करो। यह मैंडेटरी (अनिवार्य) नहीं है।”

    ​सरकार का कहना है कि यह ऐप पूरी तरह से उपभोक्ताओं की सुरक्षा और साइबर फ्रॉड से बचाव के लिए है।

    Sanchar Saathi App: आपके लिए कितना काम का? (Features)

    ​विवादों से परे, अगर तकनीकी नजरिए से देखें तो यह ऐप कई महत्वपूर्ण सुविधाएं देता है:

    1. चोरी हुआ फोन ब्लॉक करें (CEIR Module): अगर आपका फोन गुम या चोरी हो जाता है, तो आप इस ऐप के जरिए उसे ब्लॉक कर सकते हैं। ब्लॉक होने के बाद वह फोन किसी भी नेटवर्क पर काम नहीं करेगा और जैसे ही उसमें कोई नया सिम डालेगा, पुलिस को लोकेशन मिल जाएगी।
    2. आपके नाम पर कितने सिम? (TAFCOP): आप चेक कर सकते हैं कि आपके आधार कार्ड/आईडी पर कितने सिम कार्ड एक्टिव हैं। अगर कोई फर्जी सिम है, तो उसे वहीं से रिपोर्ट करके बंद करवाया जा सकता है।
    3. नकली फोन की पहचान: सेकंड हैंड फोन खरीदते समय आप IMEI नंबर डालकर चेक कर सकते हैं कि फोन चोरी का या ब्लैकलिस्टेड तो नहीं है।
    4. फ्रॉड रिपोर्टिंग (Chakshu): संदिग्ध कॉल, मैसेज या व्हाट्सएप फ्रॉड की रिपोर्ट सीधे इस ऐप के ‘चक्षु’ फीचर से की जा सकती है।

    आंकड़े बोलते हैं: सरकार के मुताबिक, इस पोर्टल की मदद से अब तक 6 लाख से ज्यादा चोरी हुए मोबाइल फोन बरामद किए जा चुके हैं और 1.75 करोड़ से ज्यादा फर्जी कनेक्शन काटे गए हैं।

    निष्कर्ष

    ​’संचार साथी’ ऐप सुरक्षा के लिहाज से एक मजबूत कदम है, जो साइबर अपराध और मोबाइल चोरी पर लगाम लगा सकता है। हालांकि, इसे ‘प्री-इंस्टॉल’ और ‘नॉन-रिमूवेबल’ बनाने की शुरुआती खबरों ने प्राइवेसी को लेकर गंभीर चिंताएं पैदा की हैं। अब मंत्री के “डिलीट करने की आजादी” वाले बयान के बाद देखना होगा कि जब यह ऐप फोन्स में आएगा, तो क्या वाकई यूजर्स को इसे हटाने का विकल्प मिलता है या नहीं।

    FAQs (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)

    Q: क्या संचार साथी ऐप को फोन से डिलीट किया जा सकता है?

    A: शुरुआती रिपोर्ट में इसे नॉन-रिमूवेबल बताया गया था, लेकिन केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने बयान दिया है कि यूजर इसे डिलीट कर सकते हैं, यह अनिवार्य नहीं है।

    Q: यह ऐप मेरे फोन में क्या ट्रैक करेगा?

    A: सरकार के अनुसार, यह ऐप IMEI वेरिफिकेशन और सिम कार्ड सुरक्षा के लिए है। यह कॉल या मैसेज के कंटेंट को ट्रैक नहीं करता। हालांकि, विपक्ष का आरोप है कि इसमें निगरानी की क्षमता हो सकती है।

    Q: क्या यह ऐप पुराने फोन्स में भी आएगा?

    A: हाँ, पुराने फोन्स और स्टॉक में मौजूद डिवाइसों के लिए निर्माता कंपनियां सॉफ्टवेयर अपडेट के जरिए इसे उपलब्ध कराएंगी।

    Q: संचार साथी ऐप कैसे डाउनलोड करें?

    A: यह ऐप Google Play Store और Apple App Store पर उपलब्ध है। आप इसे मैनुअली भी डाउनलोड कर सकते हैं।

  • IBPS RRB Clerk Admit Card 2025 जारी: अभी डाउनलोड करें ऑफिस असिस्टेंट प्रीलिम्स हॉल टिकट, परीक्षा तिथि, पैटर्न और पूरा प्रोसेस | IBPS RRB Clerk Admit Card 2025 Download Link Activated

    IBPS RRB Clerk Admit Card 2025 जारी: अभी डाउनलोड करें ऑफिस असिस्टेंट प्रीलिम्स हॉल टिकट, परीक्षा तिथि, पैटर्न और पूरा प्रोसेस | IBPS RRB Clerk Admit Card 2025 Download Link Activated

    इंस्टीट्यूट ऑफ बैंकिंग पर्सोनल सिलेक्शन (IBPS) ने RRB Clerk (Office Assistant – Multipurpose) पदों के लिए होने वाली प्रीलिम्स परीक्षा का एडमिट कार्ड आधिकारिक वेबसाइट पर जारी कर दिया है। उम्मीदवार अब 14 दिसंबर 2025 तक अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड कर सकते हैं।

    एडमिट कार्ड जारी होते ही लाखों उम्मीदवारों के लिए परीक्षा की उलटी गिनती शुरू हो चुकी है। यहां आपको डाउनलोड लिंक से लेकर परीक्षा तिथियों, पैटर्न, चयन प्रक्रिया और परीक्षा निर्देश तक सबकुछ एक ही जगह मिलेगा।


    ⭐ IBPS RRB Clerk Admit Card 2025 – मुख्य जानकारी

    विवरण जानकारी

    भर्ती संगठन इंस्टीट्यूट ऑफ बैंकिंग पर्सोनल सिलेक्शन (IBPS)
    पद ऑफिस असिस्टेंट (मल्टीपर्पज)
    भर्ती चक्र CRP-RRBs-XIV
    एडमिट कार्ड जारी
    अंतिम तिथि 14 दिसंबर 2025
    परीक्षा तिथि 6, 7, 13 और 14 दिसंबर 2025
    कुल पद 8002
    लॉगिन विवरण Registration No./Roll No. + Password/DOB
    वेबसाइट https://ibps.in


    🔗 IBPS RRB Clerk Admit Card 2025: डायरेक्ट डाउनलोड लिंक

    👉 अधिकारिक एडमिट कार्ड लिंक (Official Link):
    https://ibpsonline.ibps.in/
    (यह वही पोर्टल है जहां IBPS सभी RRB भर्ती के एडमिट कार्ड जारी करता है)

    👉 मुख्य वेबसाइट (Home Page):
    https://ibps.in

    👉 Recent Updates सेक्शन से डायरेक्ट कॉल लेटर लिंक:
    https://ibps.in → CRP RRBs → Office Assistant Admit Card

    आप अपनी वेबसाइट में ऊपर दिए लिंक को सीधे क्लिक करके जोड़ सकते हैं।


    🧾 IBPS RRB Clerk Admit Card 2025 कैसे डाउनलोड करें?

    1. आधिकारिक वेबसाइट खोलें:
      👉 https://ibps.in
    2. होमपेज पर CRP RRBs-XIV सेक्शन में जाएं।
    3. “IBPS RRB Clerk Admit Card 2025” लिंक पर क्लिक करें।
    4. लॉगिन पेज खुलने पर—

    Registration No./Roll No.

    Password/Date of Birth
    दर्ज करें।

    1. कैप्चा भरें और Login पर क्लिक करें।
    2. एडमिट कार्ड डाउनलोड करें और प्रिंट निकाल लें।

    🎫 एडमिट कार्ड में दर्ज जानकारी

    नाम, फोटो, सिग्नेचर

    रोल नंबर / रजिस्ट्रेशन नंबर

    परीक्षा केंद्र का पता

    परीक्षा तिथि व शिफ्ट

    रिपोर्टिंग टाइम

    परीक्षा के निर्देश


    📅 IBPS RRB Clerk Exam Date 2025

    परीक्षा चार दिनों में आयोजित होगी—
    6, 7, 13 और 14 दिसंबर 2025


    📘 IBPS RRB Clerk Prelims Exam Pattern

    विषय प्रश्न अंक समय

    रीजनिंग 40 40 25 मिनट
    न्यूमेरिकल एबिलिटी 40 40 20 मिनट
    कुल 80 80 45 मिनट


    🏆 चयन प्रक्रिया

    1. प्रीलिम्स परीक्षा (Qualifying Only)

    इस परीक्षा के अंक फाइनल मेरिट में शामिल नहीं होते।

    1. मेन्स परीक्षा (Final Selection)

    फाइनल मेरिट पूरी तरह मेन्स परीक्षा के अंकों पर निर्भर करती है।
    इस भर्ती में इंटरव्यू नहीं होता।


    🚨 परीक्षा दिवस निर्देश

    ✔ एडमिट कार्ड की 2 कॉपी ले जाएं
    ✔ Valid Photo ID रखें
    ✔ 45–60 मिनट पहले पहुँचे
    ✔ परीक्षा केंद्र पर दिए गए निर्देशों का पालन करें


    ❓ FAQs — IBPS RRB Clerk Admit Card

    1. एडमिट कार्ड कब तक डाउनलोड कर सकते हैं?

    14 दिसंबर 2025 तक।

    1. परीक्षा कितने दिनों में होगी?

    6, 7, 13 और 14 दिसंबर को।

    1. क्या इंटरव्यू होता है?

    नहीं, RRB Clerk भर्ती में इंटरव्यू नहीं होता।

    1. प्रीलिम्स की मार्किंग फाइनल मेरिट में जुड़ती है?

    नहीं, यह सिर्फ क्वालिफाइंग है।


    📌 निष्कर्ष

    IBPS RRB Clerk Admit Card 2025 जारी हो चुका है और उम्मीदवारों को चाहिए कि वे तुरंत एडमिट कार्ड डाउनलोड करके सभी डिटेल्स चेक कर लें। परीक्षा नजदीक है, इसलिए समय प्रबंधन और प्रैक्टिस ही सफलता की कुंजी होगी।

  • 31 दिसंबर है ‘डेडलाइन’ – अगर चूके तो बेकार हो जाएगा आपका PAN कार्ड, जानें 1 दिसंबर से क्या-क्या बदला?

    31 दिसंबर है ‘डेडलाइन’ – अगर चूके तो बेकार हो जाएगा आपका PAN कार्ड, जानें 1 दिसंबर से क्या-क्या बदला?

    ​दिसंबर का महीना शुरू होते ही कई नियमों में बदलाव हो गया है, लेकिन सबसे बड़ी घंटी खतरे की बज रही है उन लोगों के लिए जिन्होंने अभी तक अपने पैन कार्ड (PAN Card) को आधार (Aadhaar) से लिंक नहीं किया है। सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि यह काम निपटाने के लिए अब आपके पास महज कुछ ही दिन बचे हैं।

    इनकम टैक्स विभाग के अपडेट के मुताबिक, अगर आप तय तारीख तक यह काम नहीं करते, तो नए साल में आपको भारी वित्तीय नुकसान उठाना पड़ सकता है।

    31 दिसंबर 2025: आखिरी मौका

    ​सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्सेस (CBDT) के निर्देशों के अनुसार, आधार-पैन लिंकिंग की अंतिम तारीख 31 दिसंबर 2025 तय की गई है।

    • क्या होगा 1 जनवरी 2026 से? अगर आपने लिंक नहीं किया, तो आपका पैन कार्ड ‘निष्क्रिय’ (Inoperative) हो जाएगा।
    • इसका मतलब क्या है? पैन निष्क्रिय होने का मतलब है कि आप न तो इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) भर पाएंगे और न ही आपका कोई पेंडिंग रिफंड वापस आएगा।
    • जेब पर सीधा असर: सबसे बड़ा झटका यह लगेगा कि बैंक या अन्य वित्तीय संस्थाएं आपका TDS और TCS सामान्य दर से कहीं ज्यादा (दोगुनी दर तक) काटेंगी। साथ ही, म्यूचुअल फंड और स्टॉक मार्केट में निवेश करने में भी दिक्कतें आएंगी।

    लिंक करने का तरीका (2 मिनट का प्रोसेस)

    ​अगर आपने अभी तक लिंक नहीं किया है, तो 1000 रुपये की लेट फीस भरकर इसे तुरंत ऑनलाइन पूरा करें:

    1. ​इनकम टैक्स की वेबसाइट (incometax.gov.in) पर जाएं।
    2. ​’Link Aadhaar’ विकल्प पर क्लिक करें।
    3. ​अपना पैन और आधार नंबर डालें और मोबाइल पर आए OTP से वेरिफाई करें।

    1 दिसंबर से लागू हुए ये बड़े बदलाव

    ​पैन-आधार के अलावा, महीने की पहली तारीख से आम आदमी की जिंदगी से जुड़े कुछ और नियम भी बदल गए हैं:

    1. आधार कार्ड का बदलेगा ‘लुक’ (सुरक्षा बढ़ी)

    UIDAI ने आधार कार्ड की गोपनीयता बढ़ाने के लिए बड़ा फैसला लिया है। अब आधार कार्ड पर पूरा नंबर या संवेदनशील जानकारी प्रिंट होकर नहीं आएगी। नए नियमों के तहत आधार पर सिर्फ फोटो और एक हाई-सिक्योरिटी QR कोड होगा। इसे स्कैन करके ही जानकारी वेरीफाई की जा सकेगी। इससे होटल या अन्य जगहों पर आधार की फोटोकॉपी के गलत इस्तेमाल पर रोक लगेगी।

    2. कॉमर्शियल गैस सिलेंडर सस्ता हुआ

    दिसंबर की शुरुआत राहत के साथ हुई है। तेल कंपनियों ने 19 किलोग्राम वाले कॉमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में कटौती की है। दिल्ली में यह करीब 10 रुपये और मुंबई में 10.50 रुपये सस्ता हुआ है। हालांकि, घरेलू सिलेंडर (14.2 किलोग्राम) के दाम में कोई बदलाव नहीं किया गया है।

    3. बैंकिंग और डिजिटल पेमेंट में सख्ती

    ऑनलाइन फ्रॉड रोकने के लिए बैंकिंग नियमों और ऑनलाइन ट्रांजेक्शन (जैसे UPI और नेट बैंकिंग) के लिए सुरक्षा मानकों (Two-factor authentication) को और कड़ा किया जा रहा है, ताकि आपकी मेहनत की कमाई सुरक्षित रहे।

  • आधार कार्ड यूजर्स के लिए बड़ी खुशखबरी – अब घर बैठे बदलें मोबाइल नंबर, बस एक ‘फेस स्कैन’ से होगा काम

    आधार कार्ड यूजर्स के लिए बड़ी खुशखबरी – अब घर बैठे बदलें मोबाइल नंबर, बस एक ‘फेस स्कैन’ से होगा काम

    ​अगर आप अपने आधार कार्ड में मोबाइल नंबर अपडेट कराने के लिए आधार सेवा केंद्र की लंबी लाइनों और अपॉइंटमेंट के झंझट से परेशान हैं, तो यह खबर आपके लिए राहत भरी है। भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने एक क्रांतिकारी बदलाव की घोषणा की है, जिसके तहत अब आप अपने घर के सोफे पर बैठकर ही आधार से लिंक मोबाइल नंबर बदल सकेंगे।

    ​UIDAI ने हाल ही में अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल (X) पर इसकी जानकारी दी है। यह सुविधा जल्द ही सभी स्मार्टफोन यूजर्स के लिए लाइव होने वाली है।

    अब नहीं काटने होंगे आधार केंद्र के चक्कर

    ​अब तक मोबाइल नंबर अपडेट कराने के लिए बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन (फिंगरप्रिंट या आंखों की स्कैनिंग) के लिए केंद्र पर जाना अनिवार्य था। लेकिन नई तकनीक के साथ, आपका स्मार्टफोन ही आपका आधार केंद्र बन जाएगा।

    ​UIDAI ने बताया है कि नए Aadhaar App के जरिए यह प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल और कॉन्टैक्टलेस होगी। इसके लिए किसी भी तरह के फिजिकल डॉक्यूमेंट जमा करने की जरूरत नहीं होगी।

    कैसे काम करेगी नई तकनीक? (स्टेप-बाय-स्टेप प्रोसेस)

    OTP और फेस ऑथेंटिकेशन (Face Authentication)

    1. ऐप डाउनलोड करें: सबसे पहले अपने फोन में नया Aadhaar App (एंड्रॉयड या iOS) डाउनलोड करें।
    2. विवरण दर्ज करें: ऐप में ‘Update Mobile Number’ विकल्प चुनें। अपना आधार नंबर और वह नया मोबाइल नंबर डालें जिसे आप लिंक करना चाहते हैं।
    3. OTP वेरिफिकेशन: आपके नंबर पर एक OTP आएगा, जिसे दर्ज करना होगा।
    4. फेस ऑथेंटिकेशन (सबसे अहम कदम): इसके बाद ऐप आपके फोन का कैमरा खोलेगा। आपको बस कैमरे के सामने अपना चेहरा लाना होगा। ऐप आपकी लाइव फोटो को आधार डेटाबेस की फोटो से मैच करेगा।
    5. सफलतापूर्वक अपडेट: जैसे ही फेस मैच होगा, आपका मोबाइल नंबर अपडेट रिक्वेस्ट स्वीकार कर ली जाएगी।

    क्यों खास है यह बदलाव?

    • वरिष्ठ नागरिकों के लिए राहत: बुजुर्गों को अक्सर फिंगरप्रिंट मैच न होने या केंद्र तक जाने में दिक्कत होती थी। फेस ऑथेंटिकेशन उनके लिए वरदान साबित होगा।
    • समय की बचत: घंटों लाइन में लगने के बजाय काम मिनटों में होगा।
    • दस्तावेज की जरूरत नहीं: मोबाइल नंबर बदलने के लिए किसी भी फॉर्म या प्रूफ की जरूरत नहीं होगी।

    कब से मिलेगी सुविधा?

    ​UIDAI ने अपने ट्वीट में “Coming Soon” (जल्द आ रहा है) लिखा है। यह फीचर फिलहाल टेस्टिंग फेज में है और नए आधार ऐप के अपडेट के साथ इसे आम जनता के लिए जारी कर दिया जाएगा।

    महत्वपूर्ण नोट: मोबाइल नंबर आधार से लिंक होना बेहद जरूरी है क्योंकि बैंक खाते, पैन कार्ड लिंकिंग, और सरकारी योजनाओं (जैसे PM किसान या पेंशन) का लाभ लेने के लिए OTP इसी नंबर पर आता है। यदि आपका नंबर बंद हो चुका है, तो इस नई सुविधा का लाभ उठाते हुए उसे तुरंत अपडेट कर लें।

  • भारत सरकार का बड़ा फैसला – अब जन्मतिथि के सबूत के तौर पर नहीं चलेगा ‘आधार कार्ड’, नई गाइडलाइन जारी

    भारत सरकार का बड़ा फैसला – अब जन्मतिथि के सबूत के तौर पर नहीं चलेगा ‘आधार कार्ड’, नई गाइडलाइन जारी

    भारत सरकार ने पहचान दस्तावेजों को लेकर एक अहम और बड़ा बदलाव किया है, जिसका सीधा असर देश के करोड़ों निवासियों पर पड़ने वाला है। सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि अब आधार कार्ड (Aadhaar Card) को जन्मतिथि (Date of Birth) के वैध प्रमाण के रूप में स्वीकार नहीं किया जाएगा।

    ​यह फैसला केवल एक विभाग तक सीमित नहीं है, बल्कि नियुक्ति से लेकर पेंशन और स्कूल एडमिशन तक हर सरकारी काम में लागू होगा।

    क्या है नया आदेश?

    ​यूपी सरकार के नियोजन विभाग (Planning Department) ने सभी विभागों को निर्देश जारी करते हुए कहा है कि आधार कार्ड को जन्मतिथि का प्रमाण न माना जाए। विभाग के विशेष सचिव, अमित सिंह बंसल ने इस संबंध में शासनादेश जारी कर दिया है।

    ​आदेश में साफ तौर पर कहा गया है कि आधार कार्ड का इस्तेमाल केवल पहचान (Identity Proof) साबित करने के लिए किया जा सकता है, लेकिन यह इस बात का कानूनी सबूत नहीं है कि आपकी जन्मतिथि क्या है।

    सरकार ने क्यों लिया यह यू-टर्न?

    ​सरकार का यह फैसला भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) द्वारा भेजी गई एक रिपोर्ट और पत्र पर आधारित है।

    • UIDAI का तर्क: UIDAI के लखनऊ क्षेत्रीय कार्यालय ने 31 अक्टूबर को एक पत्र (संख्या: 16013/4/2020-RO-LKO/5416) जारी किया था। इसमें स्पष्ट किया गया कि आधार कार्ड बनाते समय जन्मतिथि अक्सर व्यक्ति द्वारा घोषित (Declared) जानकारी पर आधारित होती है और इससे कोई जन्म प्रमाण पत्र लिंक नहीं होता।
    • गलत इस्तेमाल का डर: कई मामलों में देखा गया है कि लोग अपनी उम्र कम या ज्यादा दिखाने के लिए आधार में दर्ज जन्मतिथि का इस्तेमाल करते हैं, जो आधिकारिक रिकॉर्ड से मेल नहीं खाती।

    इन कामों में अब नहीं चलेगा आधार

    ​इस आदेश के बाद अब निम्नलिखित कार्यों के लिए आपको आधार के अलावा अन्य दस्तावेज देने होंगे:

    1. सरकारी नौकरियां: भर्ती प्रक्रियाओं में उम्र सीमा साबित करने के लिए।
    2. स्कूल एडमिशन: बच्चों के दाखिले के समय।
    3. पेंशन व सरकारी योजनाएं: जहां उम्र के आधार पर लाभ मिलता है।
    4. प्रमोशन व सर्विस रिकॉर्ड: नौकरी में सेवा पंजिका में सुधार के लिए।

    अब कौन से दस्तावेज होंगे मान्य?

    ​जन्मतिथि साबित करने के लिए अब नागरिकों को ‘सीड डॉक्यूमेंट्स’ यानी मूल दस्तावेजों का उपयोग करना होगा:

    • जन्म प्रमाण पत्र (Birth Certificate): नगर निगम, पंचायत या रजिस्ट्रार द्वारा जारी।
    • शैक्षणिक प्रमाण पत्र: 10वीं या 12वीं की मार्कशीट/सर्टिफिकेट।
    • पासपोर्ट: क्योंकि इसमें पुलिस वेरिफिकेशन शामिल होता है।
    • सर्विस रिकॉर्ड: सरकारी कर्मचारियों के लिए भर्ती के समय दर्ज की गई जन्मतिथि।

    महाराष्ट्र में भी सख्ती, रद्द होंगे सर्टिफिकेट

    ​फाइल में दिए गए विवरण के अनुसार, सिर्फ यूपी ही नहीं, महाराष्ट्र सरकार ने भी इस मुद्दे पर कड़े कदम उठाए हैं। वहां अगस्त 2023 के बाद केवल आधार कार्ड के आधार पर बनाए गए जन्म प्रमाण पत्रों को रद्द करने का आदेश दिया गया है, ताकि फर्जी दस्तावेजों के जरिए होने वाले गैर-कानूनी कामों पर लगाम लगाई जा सके।

  • 🚀 नवोदय विद्यालय प्रवेश परीक्षा 2026: कक्षा 6, 9 और 11 में दाखिले का सुनहरा अवसर!

    ​नवोदय विद्यालय समिति (NVS) ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए जवाहर नवोदय विद्यालय (JNV) की प्रवेश परीक्षा (JNVST) की महत्वपूर्ण तिथियां घोषित कर दी हैं। यह परीक्षा ग्रामीण और प्रतिभाशाली छात्रों के लिए उच्च गुणवत्ता वाली, निःशुल्क आवासीय शिक्षा का द्वार खोलती है।

    ​यदि आप अपने बच्चे को इस प्रतिष्ठित संस्थान में प्रवेश दिलाना चाहते हैं, तो यहाँ कक्षा 6, 9 और 11 के लिए पंजीकरण, परीक्षा और अन्य महत्वपूर्ण जानकारियाँ दी गई हैं:

    ​🎓 कक्षा 6 प्रवेश: महत्वपूर्ण तिथियां और विवरण

    ​कक्षा 6 में प्रवेश के लिए चयन परीक्षा दो चरणों में आयोजित की जाएगी:

    कार्यक्रमतिथिविवरण
    ऑनलाइन आवेदन शुरू30 मई 2025
    पंजीकरण की अंतिम तिथि27 अगस्त 2025आवेदन निःशुल्क है
    आवेदन सुधार विंडो30 अगस्त 2025
    प्रवेश पत्र (एडमिट कार्ड)17 नवंबर 2025 (समर-बाउंड क्षेत्रों के लिए)आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध
    परीक्षा तिथि (चरण 1)13 दिसंबर 2025समर-बाउंड क्षेत्रों के लिए
    परीक्षा तिथि (चरण 2)11 अप्रैल 2026विंटर-बाउंड क्षेत्रों के लिए
    परिणाम घोषणा (चरण 1)जनवरी 2026 तक अपेक्षित
    परिणाम घोषणा (चरण 2)मई 2026 तक अपेक्षित

    पात्रता (Eligibility):

    • ​छात्र का जन्म 1 मई 2014 से 31 जुलाई 2016 के बीच हुआ हो।
    • ​उसे शैक्षणिक सत्र 2025-26 के दौरान उसी जिले के किसी मान्यता प्राप्त स्कूल में कक्षा 5 में अध्ययनरत होना चाहिए, जहाँ JNV स्थित है।

    ​📚 कक्षा 9 और 11 (लैटरल एंट्री) प्रवेश: महत्वपूर्ण तिथियां

    ​कक्षा 9 और 11 में रिक्त सीटों पर प्रवेश के लिए लैटरल एंट्री चयन परीक्षा (LEST) आयोजित की जाएगी।

    कार्यक्रमतिथिविवरण
    पंजीकरण की अंतिम तिथि23 अक्टूबर 2025आवेदन निःशुल्क है
    आवेदन सुधार विंडो24 से 26 अक्टूबर 2025एरिया, लिंग, श्रेणी, परीक्षा का माध्यम और दिव्यांगता में सुधार की अनुमति
    परीक्षा तिथि7 फरवरी 2026परीक्षा का समय: सुबह 11:00 बजे से दोपहर 1:30 बजे तक
    परिणाम घोषणामार्च 2026 तक अपेक्षित

    पात्रता (Eligibility):

    • कक्षा 9: छात्र का जन्म 1 मई 2011 से 31 जुलाई 2013 के बीच होना चाहिए और वह उसी जिले के मान्यता प्राप्त स्कूल में कक्षा 8 में अध्ययनरत होना चाहिए।
    • कक्षा 11: छात्र का जन्म 1 जून 2009 से 31 जुलाई 2011 के बीच होना चाहिए और वह उसी जिले के मान्यता प्राप्त स्कूल में कक्षा 10 में अध्ययनरत होना चाहिए।

    ​📝 परीक्षा पैटर्न (JNVST)

    कक्षाअवधिकुल प्रश्नकुल अंकअतिरिक्त समय (दिव्यांग छात्रों के लिए)
    कक्षा 62 घंटे8010040 मिनट
    कक्षा 9/112 घंटे 30 मिनट10010050 मिनट

    कक्षा 6 में खंड (Sections): मानसिक योग्यता, अंकगणित, और भाषा परीक्षण।

    कक्षा 9 में खंड (Sections): अंग्रेजी (15 अंक), हिंदी (15 अंक), गणित (35 अंक), और सामान्य विज्ञान (35 अंक)।

    ​📲 आवेदन कैसे करें?

    1. वेबसाइट पर जाएं: जवाहर नवोदय विद्यालय समिति (NVS) की आधिकारिक वेबसाइट navodaya.gov.in या cbseitms.nic.in पर जाएं।
    2. पंजीकरण लिंक चुनें: संबंधित कक्षा (कक्षा 6, 9 या 11) के प्रवेश के लिए पंजीकरण लिंक पर क्लिक करें।
    3. विवरण भरें: मांगी गई सभी व्यक्तिगत और शैक्षणिक जानकारी सही-सही भरें।
    4. दस्तावेज़ अपलोड करें: पासपोर्ट साइज़ फोटो, छात्र/अभिभावक के हस्ताक्षर और अन्य आवश्यक प्रमाण पत्र (10KB से 100KB साइज़, JPG/JPEG फॉर्मेट में) अपलोड करें।
    5. फॉर्म सबमिट करें: सभी विवरणों की जांच करने के बाद आवेदन फॉर्म सबमिट करें और प्रिंटआउट निकाल कर सुरक्षित रखें।
  • ​🚀 IBPS क्लर्क मेन्स परीक्षा 2025: पहले दिन का संपूर्ण विश्लेषण जारी! जानें कट-ऑफ, गुड अटेंप्ट्स और पेपर का लेवल

    ​🚀 IBPS क्लर्क मेन्स परीक्षा 2025: पहले दिन का संपूर्ण विश्लेषण जारी! जानें कट-ऑफ, गुड अटेंप्ट्स और पेपर का लेवल

    इंस्टीट्यूट ऑफ बैंकिंग पर्सनल सेलेक्शन (IBPS) द्वारा 29 नवंबर 2025 को क्लर्क मेन्स परीक्षा (CRP CSA-XV) का आयोजन शुरू हो गया है। यह परीक्षा देश भर के लाखों बैंकिंग उम्मीदवारों के लिए अंतिम चयन का चरण है।

    ​यदि आप यह परीक्षा दे चुके हैं या आगे की तैयारी कर रहे हैं, तो पहले दिन का यह गहन विश्लेषण (Exam Analysis) आपकी रणनीति को अंतिम रूप देने में मदद करेगा।

    ​📊 परीक्षा का समग्र विश्लेषण (29 नवंबर 2025, शिफ्ट 1)

    ​उम्मीदवारों की शुरुआती प्रतिक्रिया के आधार पर, IBPS क्लर्क मेन्स 2025 की पहली शिफ्ट का समग्र कठिनाई स्तर ‘मॉडरेट’ रहा। हालांकि, क्वांटिटेटिव एप्टीट्यूड सेक्शन को थोड़ा ‘मॉडरेट से कठिन’ पाया गया, जिसने उम्मीदवारों को चुनौती दी।

    सेक्शन (Section)कठिनाई स्तर (Difficulty Level)अनुमानित सुरक्षित प्रयास (Good Attempts)
    रीजनिंग एबिलिटी और कंप्यूटर एप्टीट्यूडमॉडरेट23-25
    क्वांटिटेटिव एप्टीट्यूड (गणित)मॉडरेट से कठिन18-20
    जनरल इंग्लिशमॉडरेट28-30
    जनरल / फाइनेंशियल अवेयरनेसमॉडरेट15-17
    समग्र (Overall)मॉडरेट84-93

    🎯 IBPS क्लर्क मेन्स 2025: प्रमुख बिंदु

    • परीक्षा की तिथि: IBPS क्लर्क मेन्स 2025 की परीक्षा 29 नवंबर से 2 दिसंबर तक आयोजित की जानी है।
    • कुल प्रश्न और अंक: परीक्षा में कुल 190 प्रश्न 200 अंकों के लिए पूछे जाते हैं।
    • परीक्षा की अवधि: कुल 160 मिनट (2 घंटे 40 मिनट) की समय सीमा होती है।
    • नेगेटिव मार्किंग: प्रत्येक गलत उत्तर के लिए 0.25 अंक काटे जाते हैं।

    ​🧠 सेक्शन-वाइज डीटेल्ड इनसाइट्स

    1. क्वांटिटेटिव एप्टीट्यूड (Quantitative Aptitude)

    • ​यह सेक्शन मॉडरेट से कठिन स्तर का रहा और काफी समय लेने वाला था।
    • डेटा इंटरप्रिटेशन (DI) का प्रभुत्व रहा, जिससे 16 प्रश्न पूछे गए।
    • अंकगणित (Arithmetic) के शब्द समस्याएं (Word Problems) भी 7 से 8 थीं।

    2. जनरल इंग्लिश (General English)

    • ​यह सेक्शन मॉडरेट स्तर का था, जिसमें कुल 40 प्रश्न थे।
    • रीडिंग कॉम्प्रिहेंशन से लगभग 12 प्रश्न और क्लोज टेस्ट से 7 प्रश्न आए थे।

    3. जनरल / फाइनेंशियल अवेयरनेस (GA/FA)

    • ​यह स्कोरिंग सेक्शन मॉडरेट स्तर का था, जिसमें अधिकांश प्रश्न पिछले 6-8 महीनों के करेंट अफेयर्स से थे।
    • ​बैंकिंग और फाइनेंशियल अवेयरनेस से संबंधित विषयों पर ज़ोर दिया गया था।

    ​✂️ IBPS क्लर्क मेन्स 2025: अपेक्षित कट-ऑफ

    ​परीक्षा के प्रदर्शन और कठिनाई को देखते हुए, अनारक्षित (Unreserved – UR) श्रेणी के लिए अनुमानित कट-ऑफ सीमा इस प्रकार है:

    राज्य / केंद्र शासित प्रदेश (State/ UT)UR अपेक्षित कट-ऑफ (Expected Cut Off)
    पंजाब43-49
    ओडिशा42-48
    हरियाणा42-47
    चंडीगढ़42-47
    उत्तर प्रदेश40-45
    महाराष्ट्र37-43
    कर्नाटक36-42

    🛑 अंतिम तैयारी की रणनीति

    ​जिन उम्मीदवारों की परीक्षा अभी शेष है, वे इन बिंदुओं पर ध्यान दें:

    • पुनरीक्षण (Revision) पर ज़ोर: अब कोई नया टॉपिक शुरू न करें, बल्कि महत्वपूर्ण सूत्रों, शॉर्टकट और GA नोट्स का तेजी से पुनरीक्षण करें।
    • GA/FA को प्राथमिकता: बैंकिंग और वित्तीय समाचारों (Banking and Financial News) पर आधारित पिछले 6 महीनों के करेंट अफेयर्स का अभ्यास करें।
    • समय प्रबंधन: 160 मिनट की अवधि के लिए अपनी रणनीति पहले से तैयार रखें ताकि किसी भी सेक्शन में अधिक समय बर्बाद न हो।

    शुभकामनाएं! आत्मविश्वास बनाए रखें और सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करें।

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    JEE Main 2026: रिकॉर्ड 14.5 लाख रजिस्ट्रेशन! 1 दिसंबर से खुलेगी ‘करेक्शन विंडो’ – परीक्षा तिथियां और नए नियम

    अपडेट: 30 नवंबर, 2025

    ​ज्वाइंट एंट्रेंस एग्जामिनेशन (JEE) मेन 2026 के लिए इस बार रिकॉर्ड तोड़ आवेदन आए हैं। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) की रिपोर्ट्स के मुताबिक, 14.5 लाख से अधिक छात्रों ने सत्र 1 (Session 1) के लिए पंजीकरण कराया है, जो पिछले वर्ष की तुलना में लगभग 1.4 लाख अधिक है।

    ​यदि आपने आवेदन किया है, तो अब आपका पूरा ध्यान 1 दिसंबर से खुलने वाली करेक्शन विंडो (Correction Window) और जनवरी में होने वाली परीक्षा पर होना चाहिए।

    ​🚨 जरूरी अपडेट: 1 दिसंबर से आवेदन में सुधार का मौका

    ​यदि आपके आवेदन फॉर्म में कोई गलती हो गई है, तो NTA आपको सुधार करने का एक और मौका दे रहा है।

    • करेक्शन विंडो शुरू होने की तारीख: 1 दिसंबर, 2025
    • अंतिम तारीख: 2 दिसंबर, 2025 (रात 11:50 बजे तक)
    • आधिकारिक वेबसाइट: jeemain.nta.nic.in

    ​किन चीजों में सुधार किया जा सकता है?

    ​आधिकारिक नोटिस के अनुसार, उम्मीदवार केवल विशिष्ट विवरणों में ही बदलाव कर सकते हैं:

    • अनुमति है (Allowed): कक्षा 10वीं और 12वीं का विवरण, राज्य पात्रता कोड (State Code of Eligibility), जन्म तिथि, लिंग, श्रेणी (Category), उप-श्रेणी/PwD और हस्ताक्षर।
    • अनुमति नहीं है (Not Allowed): आप अपना मोबाइल नंबर, ईमेल पता, स्थायी/वर्तमान पता, या आपातकालीन संपर्क विवरण नहीं बदल सकते।
    • शर्त के साथ (Conditional): आप उम्मीदवार का नाम, पिता का नाम, या माता का नाम में से केवल कोई एक ही बदल सकते हैं।
    इवेंट (Event)सत्र 1 (Session 1)सत्र 2 (Session 2)
    रजिस्ट्रेशन तिथियां31 अक्टूबर – 27 नवंबर, 2025जनवरी 2026 का अंतिम सप्ताह
    सिटी इंटिमेशन स्लिपजनवरी 2026 का पहला सप्ताहमार्च 2026 (संभावित)
    एडमिट कार्डपरीक्षा से 3-4 दिन पहलेपरीक्षा से 3-4 दिन पहले
    परीक्षा की तिथियां21 जनवरी – 30 जनवरी, 20262 अप्रैल – 9 अप्रैल, 2026
    रिजल्ट12 फरवरी, 202620 अप्रैल, 2026

    ⚠️ महत्वपूर्ण बदलाव: कैलकुलेटर और परीक्षा पैटर्न

    ​कुछ तकनीकी त्रुटियों के कारण कैलकुलेटर को लेकर भ्रम की स्थिति थी, जिसे NTA ने स्पष्ट कर दिया है:

    ​1. कैलकुलेटर की अनुमति नहीं (No Calculator)

    ​NTA ने साफ किया है कि JEE Main 2026 के लिए किसी भी प्रकार के कैलकुलेटर (फिजिकल या वर्चुअल/ऑन-स्क्रीन) की अनुमति नहीं होगी। उम्मीदवारों को सभी गणनाएं (calculations) खुद करनी होंगी।

    ​2. सेक्शन B में विकल्प नहीं (No Options in Section B)

    ​नवीनतम अपडेट के अनुसार, परीक्षा पैटर्न में बदलाव के संकेत हैं। अब सेक्शन B में 10 में से 5 प्रश्न चुनने की सुविधा शायद नहीं मिलेगी।

    • पैटर्न: पेपर में कुल 75 प्रश्न होंगे (300 अंक)।
    • अनिवार्य प्रश्न: फिजिक्स, केमिस्ट्री और मैथ्स प्रत्येक में 25 प्रश्न होंगे (20 MCQs + 5 न्यूमेरिकल)। रिपोर्ट्स के मुताबिक, न्यूमेरिकल सेक्शन के 5 प्रश्न भी अब अनिवार्य हो सकते हैं। (नोट: अंतिम पुष्टि के लिए आधिकारिक बुलेटिन को ध्यान से पढ़ें)

    ​3. लाइव फोटो कैप्चर (Live Photo Capture)

    ​फर्जीवाड़ा रोकने के लिए, आवेदन के समय लाइव फोटो खींचने का नियम लागू किया गया है। परीक्षा केंद्र पर आपकी उपस्थिति के समय इस फोटो का मिलान किया जाएगा।

    ​🎯 तैयारी की रणनीति: इन टॉपिक्स पर करें फोकस

    ​जनवरी की परीक्षा में अब कम समय बचा है, इसलिए ‘स्मार्ट स्टडी’ बहुत जरूरी है। पिछले वर्षों के रुझानों के आधार पर इन अध्यायों (Chapters) पर विशेष ध्यान दें:

    • फिजिक्स (Physics): यांत्रिकी (Mechanics), इलेक्ट्रोस्टैटिक्स (Electrostatics), करंट इलेक्ट्रिसिटी और मॉडर्न फिजिक्स।
    • केमिस्ट्री (Chemistry): कोऑर्डिनेशन कंपाउंड्स, थर्मोडायनामिक्स, और ऑर्गेनिक केमिस्ट्री रिएक्शन मैकेनिज्म।
    • गणित (Maths): कैलकुलस (Calculus), वैक्टर और 3D ज्योमेट्री, और बीजगणित (Algebra)।

    अगला कदम:

    1. 1 दिसंबर को jeemain.nta.nic.in पर लॉग इन करें और अपने फॉर्म में किसी भी त्रुटि को सुधारें।
    2. ​सुनिश्चित करें कि आपके पास कंफर्मेशन पेज की कॉपी सुरक्षित है।
    3. ​बिना कैलकुलेटर का इस्तेमाल किए मॉक टेस्ट (Mock Tests) का अभ्यास करें।
  • Cyclone Ditwah Live: 30 नवंबर को तबाही मचाने आ रहा ‘दित्वा’; तमिलनाडु-आंध्र में रेड अलर्ट, स्कूल बंद और सेना तैनात

    Cyclone Ditwah Live: 30 नवंबर को तबाही मचाने आ रहा ‘दित्वा’; तमिलनाडु-आंध्र में रेड अलर्ट, स्कूल बंद और सेना तैनात

    Published by: News Desk | Updated: 29 नवंबर 2025

    Category: India Weather / Breaking News

    चेन्नई/नई दिल्ली: दक्षिण भारत के तटों पर एक बार फिर कुदरत का खतरा मंडरा रहा है। बंगाल की खाड़ी में बना चक्रवात ‘दित्वा’ (Cyclone Ditwah) अब एक गंभीर तूफान में बदल चुका है। मौसम विभाग (IMD) ने तमिलनाडु, पुडुचेरी और आंध्र प्रदेश के लिए ‘रेड अलर्ट’ जारी करते हुए चेतावनी दी है कि यह तूफान 30 नवंबर की सुबह तट से टकरा सकता है।

    ​इस तूफान ने श्रीलंका में पहले ही भारी तबाही मचाई है, जिसे देखते हुए भारत सरकार ने भी कमर कस ली है। जानिए तूफान का पूरा अपडेट, स्कूल छुट्टियों की जानकारी और बचाव कार्यों का हाल।

    ​🌪️ तूफान का ‘लाइव’ ट्रैकर: अब कहां है ‘दित्वा’?

    ​ताज़ा आंकड़ों के मुताबिक, चक्रवात ‘दित्वा’ अभी भी समुद्र में शक्ति बटोर रहा है। इसकी वर्तमान स्थिति इस प्रकार है:

    • चेन्नई से: 540 किमी दक्षिण में
    • पुडुचेरी से: 440 किमी दक्षिण-दक्षिण पूर्व में
    • रफ़्तार: यह 10 किमी प्रति घंटे की गति से उत्तर-उत्तर पश्चिम दिशा (North-Northwest) की ओर बढ़ रहा है।

    लैंडफॉल (Landfall): मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि यह तूफान श्रीलंका के तटों के समानांतर चलते हुए 30 नवंबर की सुबह उत्तरी तमिलनाडु और दक्षिण आंध्र प्रदेश के तटों के पास पहुंचेगा।

    ​🚨 अलर्ट: आपके जिले में क्या है स्थिति?

    ​मौसम विभाग ने बारिश की तीव्रता को देखते हुए अलग-अलग जिलों के लिए कलर-कोडेड अलर्ट जारी किए हैं:

    अलर्ट का प्रकारचेतावनीप्रभावित जिले (तमिलनाडु & पुडुचेरी)
    🔴 रेड अलर्ट (Red Alert)20 सेमी से ज्यादा भारी बारिशतंजावुर, तिरुवरुर, नागपट्टिनम, मयिलादुथुराई, पुदुक्कोट्टई, विल्लुपुरम, कुड्डालोर।
    🟠 ऑरेंज अलर्ट (Orange Alert)12-20 सेमी भारी बारिशचेन्नई, चेंगलपट्टू, कांचीपुरम, तिरुवल्लुर, रानीपेट।
    🟡 येलो अलर्ट (Yellow Alert)मध्यम से भारी बारिशकन्याकुमारी, तिरुनेलवेली, थूथुकुडी, रामनाथपुरम।

    चेतावनी: 29 और 30 नवंबर को हवा की गति 90 किमी प्रति घंटे तक पहुँच सकती है। नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे समुद्र तटों और निचले इलाकों से दूर रहें।

    ​🏫 स्कूल्स और कॉलेज बंद: प्रशासन का फैसला

    ​तूफान के खतरे को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं:

    • छुट्टी: पुडुचेरी, कराईकल, मयिलादुथुराई, तिरुवरुर और नागपट्टिनम में स्कूलों और कॉलेजों को 29 नवंबर के लिए बंद कर दिया गया है।
    • बचाव दल: NDRF की 12 टीमें और SDRF की 16 टीमें संवेदनशील इलाकों में तैनात कर दी गई हैं।
    • हेल्पलाइन: किसी भी आपात स्थिति के लिए आप 1077, 1070, या 112 पर कॉल कर सकते हैं। वॉट्सऐप हेल्पलाइन: 9488981070

    ​🌍 पड़ोसी देशों पर असर: श्रीलंका में तबाही

    ​चक्रवात ‘दित्वा’ ने भारत आने से पहले श्रीलंका में भारी विनाश किया है।

    • मौतें: बाढ़ और भूस्खलन से वहां अब तक 56 लोगों की मौत हो चुकी है और 23 लापता हैं।
    • भारत की मदद (‘ऑपरेशन सागर बंधु’): पीएम मोदी ने संकट की इस घड़ी में श्रीलंका की मदद के लिए हाथ बढ़ाया है। भारतीय नौसेना के जहाज INS विक्रांत और INS उदयगिरि राहत सामग्री लेकर कोलंबो भेजे गए हैं।

    ​✈️ यातायात पर असर: फ्लाइट्स और ट्रेनें

    • बेंगलुरु: यलो अलर्ट के बीच घने कोहरे और खराब मौसम के कारण केम्पेगौड़ा एयरपोर्ट पर 41 उड़ानें देरी से चल रही हैं।
    • डायवर्जन: कोलंबो जाने वाली 5 अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को खराब मौसम के कारण तिरुवनंतपुरम (भारत) डायवर्ट किया गया है।

    💡 स्मार्ट फैक्ट्स (Did You Know?)

    • नाम का मतलब: इस तूफान का नाम ‘दित्वा’ (Ditwah) यमन (Yemen) देश ने दिया है। यह वहां के एक मशहूर लैगून (Detwah Lagoon) के नाम पर रखा गया है।
    • मछुआरों के लिए सलाह: IMD ने साफ कहा है कि 1 दिसंबर तक मछुआरे दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में बिल्कुल न जाएं।

    लेटेस्ट अपडेट्स के लिए हमारे साथ बने रहें। सुरक्षित रहें, सतर्क रहें!

  • WPL 2026 ऑक्शन में नीता अंबानी का रॉयल अंदाज़, Hermès बैग पर जड़े ‘AKPV’ अक्षरों ने खींचा सबका ध्यान

    WPL 2026 ऑक्शन में नीता अंबानी का रॉयल अंदाज़, Hermès बैग पर जड़े ‘AKPV’ अक्षरों ने खींचा सबका ध्यान

    WPL 2026 ऑक्शन में इस बार खिलाड़ियों से ज्यादा चर्चा में रहीं मुकेश अंबानी की पत्नी नीता अंबानी, जिनका एलीगेंट लुक और कस्टमाइज्ड Hermès बैग सोशल मीडिया पर लगातार वायरल हो रहा है। हर इवेंट में अपने स्टाइल से सबका ध्यान खींचने वाली नीता अंबानी ने इस बार भी अपने फैशन गेम को साबित किया, लेकिन इस बार उन पर सबसे ज़्यादा स्पॉटलाइट थी उनके बैग पर लगे चार कीमती अक्षरों—A, K, V, P—की वजह से।

    Hermès Kelly/Birkin बैग पर जड़े थे डायमंड से बने 4 अक्षर—AKPV

    WPL ऑक्शन में नीता के हाथ दिखाई दिया एक कस्टमाइज्ड Hermès Kelly/Birkin बैग, जो रेयर चार्म्स की वजह से सुर्खियों में है। इन चार्म्स पर जड़े अक्षर A, K, V, P उनके चार पोते–पोतियों आदिया, कृष्णा, वेदा और पृथ्वी के नामों के शुरुआती अक्षर हैं।

    इन चैर्म्स की विशेषता:

    1. रेयर ब्राजीलियन पैराइबा टूरमलाइन
    2. असली डायमंड्स
    3. 18 कैरेट गोल्ड में सेट

    इस कस्टम डिज़ाइन को उनकी बड़ी बहू श्लोका मेहता की कज़िन आशना मेहता ने तैयार किया। आशना ने इंस्टाग्राम पर इन चार्म्स की तस्वीरें भी साझा कीं और बताया कि यह एक “स्पेशल कस्टम क्रिएशन” है।

    स्टाइल + इमोशन = परफेक्ट फैशन स्टेटमेंट

    नीता अंबानी के फैशन की विशेषता यह है कि वे लक्ज़री में भी एक भावनात्मक स्पर्श जोड़ देती हैं। बैग पर पोते–पोतियों के नामों के अक्षर जड़वाना उनके फैमिली बॉन्ड को दिखाता है।

    फैशन रिपोर्ट्स में इसे “सबसे यूनिक हैंडबैग डिज़ाइन” बताया गया है।

    ऑक्शन में नीता अंबानी का बॉसी और क्लासी लुक

    WPL ऑक्शन में नीता अंबानी का आउटफिट भी खूब चर्चा में रहा। उनके लुक की मुख्य बातें:

    • ब्लैक-व्हाइट वर्टिकल स्ट्राइप्स वाली शर्ट
    • नेवी ब्लू हाई-वेस्ट पैंट्स
    • क्लासिक ओपन-टो ब्लैक हील्स
    • स्टेटमेंट डायमंड इयररिंग्स
    • मिनिमल मेकअप और खुले बाल

    उनका पूरा लुक एक साथ मॉडर्न, फॉर्मल और रॉयल वाइब्स लिए हुए था। उनके साथ WPL ऑक्शन में आकाश अंबानी भी मौजूद थे। मां-बेटे की यह जोड़ी हमेशा की तरह लाइमलाइट में रही।

    सोशल मीडिया में वायरल: “नीता अंबानी ने फिर लूट ली महफ़िल”

    नीता अंबानी के लुक और बैग की तस्वीरें इंस्टाग्राम पर तेजी से वायरल हुईं। फैशन पेजेज़ ने इसे “Boss Lady Look”, “Classy & Emotional Fashion Statement”, “Ambani Elegance” जैसे कैप्शंस से शेयर किया।

    वजह साफ़ है—
    नीता का स्टाइल लक्ज़री, पर्सनल इमोशन और पावर का अनोखा कॉम्बिनेशन पेश करता है।

    बैग क्यों है इतना खास?

    • यह Hermes का रेयर पीस है।
    • चारों अक्षर खास ज्वेलरी तकनीक से बनाए गए हैं।
    • इस तरह का कस्टमाइजेशन Hermès बैग्स में बहुत कम देखने को मिलता है।
    • यह दुनिया के गिने-चुने हाई-एंड कस्टम बैग्स में आता है।

    नीता अंबानी का स्टाइल मंत्र

    आपकी फ़ाइल के अनुसार मीडिया ने नीता के स्टाइल को लेकर एक ही बात कही—
    “नीता अंबानी हर बार फैशन में खुद का नया स्टैंडर्ड सेट कर देती हैं।”

    और इस बार WPL ऑक्शन में उन्होंने दिखा दिया कि फैशन सिर्फ ब्रांडेड कपड़े नहीं—एक कहानी, एक भावना और एक पर्सनालिटी भी है।

    निष्कर्ष: इस बार WPL में सबसे ज्यादा चर्चा खिलाड़ियों की नहीं, बल्कि नीता अंबानी की हुई

    फैशन, क्लास, एलिगेंस और इमोशन—इन सबका परफेक्ट मिश्रण था नीता अंबानी का WPL 2026 लुक।
    चाहे उनका ब्लेज़र हो, डायमंड इयररिंग्स हो या बैग पर जड़े पोते–पोतियों के नाम—
    नीता अंबानी ने साफ़ कर दिया कि इवेंट चाहे कोई भी हो, वे हमेशा सारे कैमरों और हर नज़र की पहली पसंद रहेंगी।

  • PAN Card वालों के लिए बड़ा अलर्ट! PAN 2.0 हुआ लॉन्च, पुराने कार्ड का क्या होगा? 31 दिसंबर से पहले लिंक करें आधार, वरना ₹1000 का जुर्माना भरना पड़ेगा

    PAN Card वालों के लिए बड़ा अलर्ट! PAN 2.0 हुआ लॉन्च, पुराने कार्ड का क्या होगा? 31 दिसंबर से पहले लिंक करें आधार, वरना ₹1000 का जुर्माना भरना पड़ेगा

    नई दिल्ली: पैन कार्ड (Permanent Account Number) आज के समय में सबसे जरूरी वित्तीय दस्तावेजों में से एक है। बैंक खाता खोलने, ITR फाइल करने से लेकर 50,000 रुपये से अधिक के लेनदेन तक, हर जगह इसकी जरूरत पड़ती है। अच्छी खबर यह है कि अब पैन कार्ड बनवाना, अपडेट करना या डुप्लीकेट पाना पहले से कहीं ज्यादा आसान हो गया है।

    आप मिनटों में मुफ्त ‘ई-पैन’ (e-PAN) पा सकते हैं और नए ‘पैन 2.0’ (PAN 2.0) के तहत QR कोड वाला सुरक्षित कार्ड भी घर मंगा सकते हैं। आइए जानते हैं इससे जुड़ी पूरी प्रक्रिया और सभी नए नियम।

    क्या है इंस्टेंट e-PAN? (10 मिनट में मुफ्त सुविधा)

    ​अगर आपको पैन कार्ड की तुरंत जरूरत है, तो आप आयकर विभाग के ई-फाइलिंग पोर्टल से ‘इंस्टेंट ई-पैन’ (Instant e-PAN) सुविधा का लाभ उठा सकते हैं। यह सेवा उन लोगों के लिए उपलब्ध है जिनके पास आधार कार्ड है और उनका मोबाइल नंबर आधार से लिंक है। यह प्रक्रिया पूरी तरह से पेपरलेस है और 10 मिनट के भीतर आपको डिजिटल पैन कार्ड (e-PAN) पीडीएफ फॉर्मेट में मिल जाता है। यह ई-पैन फिजिकल पैन कार्ड की तरह ही हर जगह मान्य है।

    PAN 2.0: QR कोड वाला नया, सुरक्षित कार्ड

    ​सरकार ने ‘पैन 2.0’ (PAN 2.0) प्रोजेक्ट को भी मंजूरी दे दी है, जिसका मकसद पैन सिस्टम को ज्यादा सुरक्षित और डिजिटल बनाना है। इसके तहत जारी नए पैन कार्ड एक डायनामिक QR कोड के साथ आते हैं, जिससे आपकी जानकारी को स्कैन करके तुरंत वेरिफाई किया जा सकता है और धोखाधड़ी को रोका जा सकता है।

    क्या पुराने कार्ड अमान्य हो जाएंगे?

    राहत की बात यह है कि पुराने पैन कार्ड (बिना QR कोड वाले भी) पूरी तरह से मान्य रहेंगे और उन्हें अपडेट करना अनिवार्य नहीं है। हालांकि, अगर आप QR कोड वाला नया फिजिकल कार्ड मंगवाना चाहते हैं, तो आप ‘Reprint PAN Card’ के लिए NSDL या UTIITSL पोर्टल पर आवेदन कर सकते हैं। इसके लिए आपको मामूली शुल्क (लगभग ₹50) देना होगा।

    कैसे करें नए पैन कार्ड के लिए आवेदन?

    ​जो लोग पहली बार पैन कार्ड बनवा रहे हैं, वे NSDL (अब Protean) या UTIITSL के पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।

    • फॉर्म: भारतीय नागरिकों को ‘फॉर्म 49A’ (Form 49A) भरना होता है।
    • दस्तावेज: आवेदन के लिए आपको पहचान प्रमाण (जैसे आधार कार्ड, वोटर आईडी), पते का प्रमाण (जैसे बिजली बिल, आधार कार्ड) और जन्मतिथि प्रमाण (जैसे 10वीं की मार्कशीट या जन्म प्रमाण पत्र) की आवश्यकता होगी।
    • शुल्क: फिजिकल पैन कार्ड के लिए भारतीय पते पर भेजने का शुल्क लगभग ₹107 से ₹110 (GST सहित) होता है।

    पैन-आधार लिंक: क्यों है जरूरी? (जरूरी अलर्ट)

    ​आयकर विभाग ने सभी पैन कार्ड धारकों के लिए अपने पैन को आधार से लिंक (PAN-Aadhaar Link) करना अनिवार्य कर दिया है। कई स्रोतों के अनुसार, इसकी समय सीमा 31 दिसंबर 2025 तक बढ़ा दी गई है।

    ​अगर आप इस तारीख तक लिंकिंग पूरी नहीं करते हैं, तो आपका पैन कार्ड ‘निष्क्रिय’ (Inoperative) हो जाएगा। निष्क्रिय पैन से आप ITR फाइलिंग, बैंक लेनदेन या कोई भी बड़ा निवेश नहीं कर पाएंगे। जो लोग डेडलाइन के बाद लिंक करा रहे हैं, उन्हें ₹1000 का जुर्माना भरना पड़ सकता है।

    खो गया है पैन? ऐसे पाएं डुप्लीकेट कार्ड

    ​अगर आपका पैन कार्ड खो गया है, चोरी हो गया है या खराब हो गया है, तो आपको परेशान होने की जरूरत नहीं है। आप NSDL या UTIITSL पोर्टल पर ‘Reprint PAN Card’ (पैन कार्ड का पुनर्मुद्रण) के लिए आवेदन कर सकते हैं। यह आपको वही पैन नंबर वाला एक नया फिजिकल कार्ड जारी कर देगा। इसके लिए भी शुल्क ₹50 (भारतीय पते के लिए) है।

    ​पैन कार्ड खोने की स्थिति में नजदीकी पुलिस स्टेशन में FIR दर्ज कराना एक सुरक्षित कदम माना जाता है, ताकि इसका कोई गलत इस्तेमाल न हो सके। 

  • RPSC Statistical Officer Recruitment 2025: Notification for 113 Vacancies, Eligibility, and How to Apply

    RPSC Statistical Officer Recruitment 2025: Notification for 113 Vacancies, Eligibility, and How to Apply

    A major recruitment opportunity has been announced for candidates with a background in Economics, Statistics, and Mathematics. The Rajasthan Public Service Commission (RPSC) has released the official notification (Advt. No. 11/2025-26) for the RPSC Statistical Officer (SO) Recruitment 2025. This drive aims to fill 113 permanent posts in the state’s Economics and Statistics Department.

    Important Distinction: This (SO) recruitment is separate from the RPSC Assistant Statistical Officer (ASO) Recruitment, which recently re-opened its application window for 64 posts.

    This comprehensive guide covers BOTH recruitments so you can clearly understand the requirements for each.

    RPSC Statistical Officer (SO) Recruitment 2025: 113 Vacancies

    This is the primary, high-level recruitment for the Statistical Officer (SO) post. All key details are based on the official notification (Advt. No. 11/2025-26).

    Detail Information
    Post Name Statistical Officer (SO)
    Total Vacancies 113
    Pay Scale Pay Matrix Level L-12 (Grade Pay ₹4800/-)
    Application Period Start: October 28, 2025
    End: November 26, 2025
    Exam Date To be Announced

    RPSC SO Eligibility Criteria (113 Posts)

    Educational Qualification

    • Candidates must hold at least a Second-Class Master’s Degree in one of the following subjects:
      • Economics
      • Statistics
      • Mathematics (with a paper in Statistics)
      • Commerce (with Statistics)
      • M.Sc. (Agriculture) Statistics
    • A RS-CIT course certificate (or equivalent) is also mandatory.
    • Working knowledge of Hindi (Devanagari script) and Rajasthani culture is required.

    Experience

    • A minimum of one year of experience handling official statistics in a government department, reputed university, or commercial concern is required.
    • Exemption: This experience is NOT required for candidates belonging to SC/ST categories, or those who hold a First-Class Master’s degree, a Doctorate (Ph.D.), or have completed a two-year training in Statistics.

    Age Limit (as of January 1, 2026)

    • Minimum Age: 21 years
    • Maximum Age: 40 years
    • Age relaxation is applicable for reserved categories as per Rajasthan government rules.

    RPSC SO Selection Process & Exam Pattern

    The selection process will consist of a Written Examination, followed by Document Verification and a Medical Examination.

    Part Subject Questions Marks
    Part A General Knowledge of Rajasthan 40 40
    Part B Concerned Subject (Statistics, Economics, etc.) 110 110
    Total 150 150
    Duration 2 Hours 30 Minutes
    Negative Marking Yes, 1/3 mark will be deducted for each incorrect answer.

    RPSC SO Application Fee

    Category Fee
    General (Unreserved) / OBC (Creamy Layer) ₹ 600/-
    OBC (Non-Creamy Layer) / EWS / SC / ST / PwD ₹ 400/-
    Error Correction Fee ₹ 500/-

    Note on Vacancy Numbers: Some sources may refer to an older notification for 72 posts. The latest official notification (Advt. No. 11/2025-26) confirms the recruitment is for 113 posts.

    RPSC Assistant Statistical Officer (ASO) Recruitment 2025: 64 Vacancies

    Separately, the RPSC has also invited applications for the Assistant Statistical Officer (ASO) post. This recruitment (Advt No: 06/2025-26) was re-opened, increasing the total vacancies from 43 to 64.

    Detail Information
    Post Name Assistant Statistical Officer (ASO)
    Total Vacancies 64 (51 Non-Scheduled Area, 13 Scheduled Area)
    Pay Scale Pay Matrix Level L-11 (Grade Pay ₹4200/-)
    Application Period (Re-opened) Start: July 30, 2025
    End: August 13, 2025
    Exam Date Scheduled for October 12-13, 2025. (Some sources indicate Oct 12-19)

    RPSC ASO Eligibility Criteria (64 Posts)

    Educational Qualification

    • Candidates must have a Master’s Degree in Mathematics, Statistics, Economics, or Commerce OR M.Sc. in Agriculture Statistics.
    • A certificate in computer science/application (like RS-CIT) is also required.
    • Knowledge of Hindi (Devanagari script) and Rajasthani culture is mandatory.

    Age Limit

    • Minimum Age: 18 years
    • Maximum Age: 40 years
    • Age calculation date varies by source, cited as both 01.01.2025 and 01.01.2026. Candidates should verify with the official notification.

    RPSC ASO Selection Process & Exam Pattern

    The selection process includes a Written Exam and Document Verification. Some sources also mention an Interview.

    Part Subject Questions Marks
    Part A General Knowledge 30 30
    Part B Statistics, Economics & Mathematics 70 70
    Total 100 100
    Duration 2 Hours
    Negative Marking Yes, 1/3 mark will be deducted.

    How to Apply for RPSC Recruitment 2025

    The application process for both positions is online and must be completed through the official RPSC portals.

    1. One-Time Registration (OTR): Before applying, all candidates must complete their One-Time Registration (OTR) on the RPSC SSO Portal.
    2. Visit the Portal: Log in to the RPSC website (rpsc.rajasthan.gov.in) or the SSO portal (sso.rajasthan.gov.in).
    3. Find Recruitment: Navigate to the “Recruitment Advertisement” section and find the link for the specific post (Statistical Officer OR Assistant Statistical Officer).
    4. Fill Form: Complete the application form with all required personal and educational details.
    5. Upload Documents: Upload scanned copies of your photograph, signature, and other required certificates.
    6. Pay Fee: Pay the application fee online as per your category.
    7. Submit & Print: Review your application, submit the final form, and take a printout for your records.

    Frequently Asked Questions (FAQs)

    Q1: What is the last date to apply for the RPSC Statistical Officer (SO) 113 posts?

    The last date to apply online for the RPSC Statistical Officer (SO) recruitment is November 26, 2025.

    Q2: What is the main difference between the Statistical Officer (SO) and Assistant Statistical Officer (ASO) recruitment?

    The Statistical Officer (SO) recruitment is for 113 posts at Pay Level L-12 (Grade Pay ₹4800) and requires a minimum age of 21. The Assistant Statistical Officer (ASO) recruitment is for 64 posts at Pay Level L-11 (Grade Pay ₹4200) and requires a minimum age of 18.

    Q3: Is experience mandatory for the Statistical Officer (SO) post?

    Yes, one year of relevant experience is generally required for the SO post. However, this requirement is waived for candidates from SC/ST categories, or if you have a First Class Master’s Degree, a Ph.D., or specific statistical training diplomas.

    Q4: Is there negative marking in the RPSC SO and ASO exams?

    Yes. Based on the available information, both the SO and ASO written exams will have a negative marking of 1/3 mark deducted for every incorrect answer.

    Official Resources & Links

    For all official details, notifications, and to apply, candidates must visit the official RPSC portals. Do not rely on unofficial sources.

  • SSC CGL Admit Card 2025: टियर-1 परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड जारी, यहां देखें डाउनलोड लिंक

    SSC CGL Admit Card 2025: टियर-1 परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड जारी, यहां देखें डाउनलोड लिंक

    नई दिल्ली: SSC CGL Admit Card 2025: कर्मचारी चयन आयोग (SSC) ने कंबाइंड ग्रेजुएट लेवल परीक्षा (CGL) 2025 के लिए टियर-1 एडमिट कार्ड जारी कर दिए हैं। उम्मीदवार अब अपना हॉल टिकट आयोग की आधिकारिक वेबसाइट ssc.gov.in से डाउनलोड कर सकते हैं।

    SSC CGL Admit Card 2025 परीक्षा की तारीखें और शेड्यूल

    आयोग के अनुसार SSC CGL टियर-1 परीक्षा 12 सितंबर से 26 सितंबर 2025 तक देशभर के विभिन्न परीक्षा केंद्रों पर आयोजित की जाएगी। परीक्षा एक से अधिक शिफ्ट में होगी और लाखों उम्मीदवार इसमें शामिल होंगे।

    सिटी इंटिमेशन स्लिप

    एडमिट कार्ड से पहले आयोग ने उम्मीदवारों की सुविधा के लिए सिटी इंटिमेशन स्लिप जारी की थी। इस स्लिप के माध्यम से परीक्षार्थी को उनके परीक्षा शहर और केंद्र की प्रारंभिक जानकारी मिल चुकी है।

    SSC CGL Admit Card डाउनलोड करने की प्रक्रिया

    1. सबसे पहले SSC की आधिकारिक वेबसाइट ssc.gov.in पर जाएँ।
    2. होम पेज पर “Admit Card” सेक्शन पर क्लिक करें।
    3. अपने रीजनल SSC लिंक का चयन करें।
    4. पंजीकरण संख्या (Registration Number) और जन्मतिथि (Date of Birth) डालें।
    5. अब आपका SSC CGL Admit Card 2025 स्क्रीन पर प्रदर्शित होगा।
    6. इसे डाउनलोड करें और प्रिंट निकाल लें।

    परीक्षा में क्या ले जाना अनिवार्य

    • एडमिट कार्ड (प्रिंट कॉपी)
    • वैध फोटो पहचान पत्र (जैसे आधार कार्ड, वोटर आईडी, पासपोर्ट आदि)
    • पासपोर्ट साइज फोटो (यदि आवश्यक हो)

    महत्वपूर्ण निर्देश

    • उम्मीदवारों को परीक्षा केंद्र पर निर्धारित समय से पहले पहुँचना होगा।
    • इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स, मोबाइल फोन और कैलकुलेटर ले जाना सख्त मना है।
    • एडमिट कार्ड और ID प्रूफ के बिना परीक्षा में प्रवेश नहीं मिलेगा।

    👉 नोट: SSC CGL Admit Card 2025 डाउनलोड करने का सीधा लिंक और क्षेत्रवार जानकारी SSC की आधिकारिक वेबसाइट ssc.gov.in पर उपलब्ध है।

  • Vrindavan Corridor 2025: वृंदावन सरंक्षण अधिनियम के समर्थन में करोड़ों भक्त! जल्द मिलेगी खुशखबरी

    Vrindavan Corridor 2025: वृंदावन सरंक्षण अधिनियम के समर्थन में करोड़ों भक्त! जल्द मिलेगी खुशखबरी

    📰 वृंदावन (मथुरा)
    पिछले करीब 2 माह से उत्तर प्रदेश के मशहूर बांके बिहारी मंदिर से जुड़े बांके बिहारी कॉरिडोर के विरोध में स्थानीय बृजवासियों ने जोरदार प्रदर्शन कर रहे हैं। अब बात केवल कॉरिडोर तक सीमित नहीं रही, क्योंकि भारत सरकार कभी भी वृंदावन संरक्षण अधिनियम (Vrindavan Sanrakshan Adhiniyam) लागू कर सकती है, क्योंकि सरकार को साफ़ दिखाई दे रहा है कि वनवासियों ने वन पर अतिक्रमण कर लिया है।

    बांके बिहारी कॉरिडोर प्रोजेक्ट क्यों लाया गया था?

    बांके बिहारी मंदिर में हर साल लाखों श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं। आपको बता दें भक्तों की भीड़ में काफी समय से दम घुटने से मृत्यु भी हो चुकी है। और प्रतिदिन सैकड़ों भक्तों से मंदिर परिसर में गोस्वामी मार पीट भी कर रहे हैं, जिसे देखकर देशवासियों में बृजवासियों के प्रति भयंकर विरोध हैं। इस भीड़ को नियंत्रित करने और दर्शन को “स्मार्ट” बनाने के उद्देश्य से सरकार ने बांके बिहारी कॉरिडोर योजना बनाई थी। इसमें मंदिर के आसपास की सड़कों और भवनों को हटाकर एक भव्य कॉरिडोर बनाया जाना था। परंतु इस प्रोजेक्ट के विरोध में बृजवासी प्रदर्शन कर रहे हैं। गोस्वामी पारिकरो ने सरकार को धमकाते हुए कहा कि भगवान बांके बिहारी के विग्रह को वृंदावन से कहीं दूर ले जायेंगे। बृजवासी मानते हैं कि बांके बिहारी, उनका लाला है । वे किसी को दर्शन नहीं कराये या नहीं, ये उनकी सम्पत्ति है। वे कह रहे है कि कोरिडोर में बांके बिहारी को विराजमान नहीं करेंगे।

    वैसे आज वृंदावन को बृजवासियों ने धंधा वन बना दिया है। पेड़ों को काट कर लक्जरी होटल बना डाला। हजारों समितियों और NGO के संचालन सिर्फ धन कमाने के लिए किया जा रहा है। यहां तक कि शराब और मीट भी खाया पिया जा रहा है। लेकिन बृजवासियों ने उल्टे भारत सरकार को मूर्ख बनाने का काम किया है। स्थानीय लोग बोल रहे हैं कि यह योजना वृंदावन की परंपरागत गलियों, वृक्षों और संस्कृति को नष्ट कर सकती थी। इसलिए खिलाफ ब्रजवासियों और संतों ने कड़ा विरोध किया। जबकि सच्चाई कुछ और ही है।

    अब वृंदावन संरक्षण अधिनियम पर नजर

    अब जो सबसे बड़ी चिंता की बात है वह है “वृंदावन संरक्षण अधिनियम”। इस अधिनियम के तहत वृंदावन को एक संरक्षित धार्मिक और पर्यावरणीय क्षेत्र घोषित किया जा सकता है। हालांकि सरकार ने इस पर अभी तक कोई विशेष निर्देश नहीं दिए हैं। क्योंकि वृंदावन के इतिहास में भी वहां एक विशेष प्रकार के वृक्ष थे , जिसे वृंदा के नाम से जाना जाता है। जिसे संरक्षण का दर्जा नहीं मिलने के कारण स्थानीय वनवासियों और बृजवासियों ने देखते ही देखते नष्ट-भ्रष्ट कर दिया। धन के भूखे-प्यासे वनवासी, प्रिया प्रियतम के निज वन को खा गये। आज सरकार साफ़-साफ़ देख रहीं हैं कि वनवासियों ने वन पर अतिक्रमण कर लिया है। वृंदावन सरंक्षण अधिनियम के तहत निम्नलिखित नियम बन सकते हैं:-

    • धंधा वन के बृजवासियों या वनवासियों की जमीन और संपत्ति पर प्रतिबंध लग सकता है
    • निर्माण कार्य, व्यापार, और आवाजाही पर पूरी तरह रोक लग सकती है
    • अतिक्रमणकारी मुआवजे के हकदार नहीं है, फिर भी सरकार सुनरख या छठीकरा साइड फ्लैट दे रही है
    • पूरे वृंदावन में वापस वृन्दा वन स्थापित किया जा सकता है।
    • मंदिरों की जगह पेड़ों के कुंज बनायें जा सकते हैं
    • वन में दुकानों का क्या काम, व्यापारी करण पर पूरी तरह बैन लग सकते हैं
    • गुरु द्वारे की तर्ज पर प्लास्टिक, जूते चप्पल, वाहन, गुटखा पान मसाला, शराबियों इत्यादि पर पूरी तरह बैन लग सकता है
    • शौचालय इत्यादि की व्यवस्था वन में उपलब्ध हो सकती है
    • भक्तों या संतों के ठहरने के लिए वृंदावन से बाहर छत की व्यवस्था हो सकती है
    • रात या दिन में जब चाहे, भक्तों को भजन, नाम जप या भक्ति के लिए पूरी छुट मिल सकती है
    • NGO की आड़ में हजारों होटलों का संचालन किया जा रहा है, उन्हें बैन किया जा सकता है
    • वृंदावन के सभी मंदिरों के संचालन के लिए एक विशेष प्रकार की समिति बनाई जा सकती है
    • भक्तों के लिए प्रतिदिन लड्डू प्रसाद और भोजन की व्यवस्था हो सकती है
    • सभी कुटिया और आश्रमों पर बैन लग सकते हैं जिन्हें सिर्फ वृंदावन से बाहर बनाने की अनुमति हो सकती है
    • मंदिर सेवादारों की सेवा व्यवस्था, दान इत्यादि एक ही समिति के अंतर्गत हो सकता है।

    वृन्दावन को कांक्रीट वन बनाने में अंग्रेजों के कुछ वन विनाशक अधिनियम भी सहयोगी बने है। जिस कारण आज वृंदावन को धंधा वन दिया गया है। काश! आज भारत में मोदीजी के होते हुए ये वृंदावन बच जाए। और फिर से सनातन संस्कृति का शंखनाद और ज्ञान केंद्र की स्थापना हो जायें। परंतु आप देख रहे हैं कि कुछ लोग, तुच्छ मानसिकता को पूरी करने के लिए सनातन धर्म के भक्ति केंद्रों को बर्बाद करने के कार्य में लगे हुए हैं। वृंदावन को कॉन्क्रीट वन बना दिया और पूरी तरह से धंधा वन बना दिया गया है।

    🌳 वृंदावन के वृक्ष और वन क्यों हैं महत्वपूर्ण?

    वृंदावन केवल एक तीर्थ स्थल नहीं, बल्कि श्रीकृष्ण की लीलाओं की भूमि है। यहां के वृक्ष, विशेषकर वृंदा वृक्ष (Tulsi की प्राचीन प्रजाति), कदंब, पीपल, और बेल वृक्ष सनातन संस्कृति का अहम हिस्सा हैं।

    • श्रीमद्भागवत में भी वृंदावन के वनों का वर्णन है
    • वृंदा देवी स्वयं वृक्ष रूप में निवास करती हैं
    • यह वन क्षेत्र दिव्य ऊर्जा, जैव विविधता और भक्तिभाव का केंद्र है, जिनके नीचे भक्तों को प्रिया प्रीतम के दर्शन होते हैं।

    सनातन संस्कृति और वृंदावन का महत्व

    • वृंदावन 12 वन (द्वादश वन) का क्षेत्र है, जहाँ श्रीकृष्ण ने रासलीला, माखन चोरी, और गोपियों संग लीला की थी
    • यह क्षेत्र सनातन धर्म का एक जीवंत प्रतीक है
    • किसी भी प्रकार का आधुनिक निर्माण, कॉरिडोर या सरकारी योजना यहां की आध्यात्मिकता को नुकसान पहुंचा सकती है, परंतु इससे पहले ही स्थानीय लोगों ने वन को नष्ट-भ्रष्ट कर दिया है। पूरा धंधा बना दिया है।

    निष्कर्ष (Conclusion)

    बांके बिहारी कॉरिडोर की योजना पर भले ही विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं, लेकिन अब वृंदावन संरक्षण अधिनियम एक नई उम्मीद की किरण है। यह कानून किसी भी समय लागू हो सकता है क्योंकि इस मांग को लेकर पिछले काफी सालों से भक्तों ने प्रदर्शन भी किया हैं। हमें वृंदावन की प्राकृतिक विरासत, धार्मिक गरिमा और स्थानीय संस्कृति को मिलकर बचाना होगा। अब देखना होगा कि भारत सरकार कैसे वृंदावन की समस्या को हल करेंगी।